लखनऊ-देवा-सीतापुर वालों के लिए खुशखबरी! बाराबंकी के जाम का झंझट खत्म, बनेगा नया 4-लेन बाईपास हाईवे, NHAI ने शुरू किया सर्वे

Post

बाराबंकी: लखनऊ, बाराबंकी और सीतापुर के बीच रोजाना सफर करने वाले लाखों यात्रियों के लिए एक बड़ी राहत की खबर है। देवा शरीफ जाने वाले रास्ते पर लगने वाले घंटों के जाम को जड़ से खत्म करने के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने एक नए फोरलेन हाईवे के निर्माण की तैयारी शुरू कर दी है। इसके लिए दो संभावित रास्तों पर सर्वे का काम तेजी से चल रहा है। इस बाईपास के बन जाने के बाद वाहन चालकों को शहर के भीड़भाड़ वाले इलाकों में घुसने की जरूरत नहीं पड़ेगी, जिससे उनके समय और ईंधन दोनों की बड़ी बचत होगी।

शहर के भीतर के जाम से मिलेगी स्थायी मुक्ति
वर्तमान में, बाराबंकी के नवाबगंज इलाके से होकर गुजरना यात्रियों के लिए एक बड़ी चुनौती है। पटेल तिराहे पर ई-रिक्शों का जमावड़ा, बस स्टेशन के पास लगने वाला जाम और पटरियों के किनारे अवैध कब्जों के कारण लखनऊ से देवा और सीतापुर की ओर जाने वाले वाहनों की रफ्तार थम जाती है। केंद्र और राज्य सरकार की यह नई योजना इसी समस्या को खत्म करने के लिए बनाई गई है, ताकि ट्रैफिक का पूरा दबाव शहर के बाहर से ही निकल जाए और लोगों का सफर आसान हो सके।

ये 3 पॉइंट्स बने हैं जाम का ‘सिरदर्द’
देवा शरीफ जाने वाले श्रद्धालुओं और आम यात्रियों के लिए शहर के तीन स्थान सबसे बड़ी मुसीबत बन गए हैं। सफर की शुरुआत में ही आनंद भवन के पास वाहनों का रेला जाम की स्थिति पैदा कर देता है। इसके बाद, जैसे ही वाहन ओवरब्रिज पार करते हैं, रेलवे क्रॉसिंग उनकी रफ्तार पर ब्रेक लगा देती है। सबसे आखिर में, FCI गोदाम के पास सड़क पर खड़े ट्रकों का जमावड़ा रास्ते को संकरा बना देता है, जिससे लोग घंटों जाम में फंसे रहते हैं। इन्हीं रुकावटों को खत्म करने के लिए अब नया बाईपास बनाना अनिवार्य हो गया है।

इन दो रास्तों पर हो रहा सर्वे, जानिए कहां से निकलेगा हाईवे?
NHAI ने शहर को जाम से मुक्त करने के लिए दो प्रमुख विकल्पों पर सर्वे शुरू किया है, ताकि सबसे बेहतर रास्ते का चुनाव किया जा सके।

  • पहला विकल्प: यह रास्ता अयोध्या-लखनऊ नेशनल हाईवे पर स्थित सफेदाबाद से शुरू होगा। यहां से एक नया मार्ग निकाला जाएगा जो गदिया, मुबारकपुर और मोहम्मदपुर गांवों से होते हुए ग्वारी रोड को पार करेगा और सीधे देवा रोड से जुड़ जाएगा।
  • दूसरा विकल्प: इस योजना के तहत लखनऊ के किसान पथ और रिंग रोड का इस्तेमाल करते हुए एक नया हाईवे विकसित किया जाएगा, जो देवा-चिनहट हाईवे को क्रॉस करते हुए सीधे देवा शरीफ तक पहुंचेगा।

सर्वे रिपोर्ट के बाद लगेगा अंतिम मुहर
NHAI के इंजीनियर राजकुमार पिथौरिया ने बताया कि प्रस्तावित हाईवे के दोनों विकल्पों पर फिलहाल गहन सर्वे और मंथन चल रहा है। विभाग यह जांच कर रहा है कि तकनीकी रूप से (निर्माण लागत, मिट्टी की मजबूती) और यातायात की दृष्टि से (किस रास्ते पर वाहनों का दबाव ज्यादा रहेगा) कौन सा विकल्प सबसे बेहतर होगा। दोनों रूटों की विस्तृत सर्वे रिपोर्ट आने के बाद ही अंतिम निर्णय लिया जाएगा और कार्ययोजना को मंजूरी दी जाएगी। इस परियोजना के पूरा होते ही बाराबंकी और देवा के बीच सफर का अनुभव पूरी तरह बदल जाएगा।