Weather Alert : मौसम की डबल मार कहीं तूफान की बारिश तो कहीं गला देने वाली ठंड
News India Live, Digital Desk : ऐसा लगता है कि 2026 की शुरुआत के साथ ही कुदरत ने हम इंसानों की कड़ी परीक्षा लेने का मन बना लिया है। आज (8 जनवरी 2026) भारत के दो अलग-अलग कोनों से मौसम को लेकर दो बिल्कुल उलटी लेकिन खतरनाक खबरें आ रही हैं। एक तरफ जहां दक्षिण और तटीय इलाकों में चक्रवाती हवाओं (Cyclonic Circulation) ने मानसून जैसी बारिश का माहौल बना दिया है, वहीं दूसरी तरफ उत्तर भारत में कड़ाके की शीत लहर (Cold Wave) ने लोगों को रजाई के अंदर दुबकने पर मजबूर कर दिया है।
मौसम विभाग (IMD) की मानें तो अगले 5 दिन हमारे लिए काफी भारी पड़ने वाले हैं।
बंगाल की खाड़ी में मची हलचल—बारिश का अलर्ट
बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना चक्रवाती परिसंचरण अब और ज्यादा गहरा गया है। इसका सीधा असर हमारे समुद्री इलाकों और दक्षिण भारत पर पड़ने वाला है। विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले 5 दिनों तक भारी बारिश (Heavy Rain) हो सकती है। जो लोग इस वक्त समुद्र के पास छुट्टियां मना रहे हैं या तटों पर रहते हैं, उन्हें बहुत संभलकर रहने की जरूरत है। अचानक होने वाली यह बिन मौसम बरसात खेती-बाड़ी को भी बड़ा नुकसान पहुँचा सकती है।
दिल्ली, यूपी और बिहार का क्या है हाल?
अब जरा उत्तर भारत की ओर चलें, तो यहाँ का मंजर बिल्कुल ही अलग है। दिल्ली-NCR, उत्तर प्रदेश, पंजाब और बिहार में 'कलरफुल कोहरा' और 'शीत लहर' ने पुरानी सारी यादें ताज़ा कर दी हैं। दिल्ली की ठंड इस वक्त 'बर्फीले टॉर्चर' जैसी महसूस हो रही है। सुबह-सुबह विजिबिलिटी (दृश्यता) जीरो के पास पहुँच जा रही है, जिससे ट्रेनों और उड़ानों पर ब्रेक लग गया है।
UP और बिहार में तो आलम ये है कि धूप निकलने का नाम नहीं ले रही। हाड़ कपा देने वाली हवाओं के चलते बच्चों और बुजुर्गों की सेहत को लेकर भी चिंता बढ़ गई है। प्रशासन ने कई जिलों में स्कूलों की टाइमिंग बदल दी है या छुट्टियां आगे बढ़ा दी हैं।
आम जनजीवन पर क्या पड़ेगा असर?
अगले 5 दिन काफी चुनौतीपूर्ण हो सकते हैं क्योंकि:
- ट्रैवल पर असर: अगर आप कहीं घूमने का प्लान बना रहे हैं, तो रुकिए! भारी बारिश और कोहरे की वजह से सड़क और रेल यात्रा में घंटों की देरी हो सकती है।
- सेहत का ख्याल: ठंड और उमस के बीच होने वाला यह बदलाव सर्दी-खांसी और जोड़ों के दर्द को बढ़ावा दे सकता है।
- बिजली और सप्लाय: खराब मौसम का असर बिजली की लाइनों पर भी पड़ सकता है, इसलिए बैकअप की तैयारी पहले से रख लें।