UP Panchayat Election 2026 : सीएम योगी का मिशन विलेज पंचायत चुनाव से पहले ग्रामीण महिलाओं की आर्थिक आजादी पर बड़ा दांव
News India Live, Digital Desk: यूपी में पंचायत चुनावों की आहट के साथ ही प्रदेश सरकार ने गांवों के विकास और महिला स्वावलंबन को अपनी सर्वोच्च प्राथमिकता बना लिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने निर्देश दिए हैं कि सभी सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे ग्राम पंचायत स्तर पर महिलाओं तक पहुँचे, ताकि वे केवल लाभार्थी न रहकर 'आर्थिक भागीदार' बनें।
मिशन विलेज की मुख्य विशेषताएं (Key Features):
'लखपति दीदी' योजना का विस्तार: सरकार ने एक साल के भीतर प्रदेश की 1 करोड़ महिलाओं को 'लखपति दीदी' बनाने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य रखा है। इसमें वैसी महिलाएं शामिल हैं जिनकी वार्षिक आय ₹1 लाख से अधिक है।
स्वयं सहायता समूहों (SHG) को बड़ी मदद: * प्रदेश के 8.96 लाख से अधिक स्वयं सहायता समूहों को सीधे बाजार और बैंकिंग सुविधाओं से जोड़ा जा रहा है।
हाल ही में महिला समूहों को ₹400 करोड़ से अधिक का बैंक क्रेडिट लिंकेज प्रदान किया गया है।
बीसी सखी (BC Sakhi) और बैंकिंग सेवा: हर ग्राम पंचायत में तैनात बीसी सखी के माध्यम से करोड़ों का वित्तीय लेनदेन हो रहा है, जिससे न केवल महिलाओं को रोजगार मिला है, बल्कि ग्रामीणों को घर बैठे बैंकिंग सेवा भी मिल रही है।
सामुदायिक शौचालयों का प्रबंधन: प्रदेश की लगभग 59,000 ग्राम पंचायतों में बने सामुदायिक शौचालयों के रखरखाव की जिम्मेदारी महिला स्वयं सहायता समूहों को दी गई है, जिसके बदले उन्हें ₹6,000 प्रति माह का मानदेय दिया जा रहा है।
स्मार्ट पंचायत और उत्सव भवन: हर ग्राम पंचायत में 'उत्सव भवन' (Community Halls) बनाने की योजना है, जिसका प्रबंधन और उपयोग स्थानीय महिला समूहों द्वारा सामाजिक और व्यावसायिक गतिविधियों के लिए किया जा सकेगा।
चुनावी समीकरण और विकास (The Political Strategy)
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अब तक 80,000 से अधिक पंचायत प्रतिनिधियों (ग्राम प्रधान, बीडीसी और जिला पंचायत सदस्य) से सीधा संवाद कर चुके हैं।
विकास ही एजेंडा: सरकार 'विकसित यूपी 2047' के लक्ष्य को ग्राम पंचायतों के माध्यम से प्राप्त करना चाहती है।
पारदर्शिता: ग्राम पंचायतों में होने वाले विकास कार्यों में पारदर्शिता लाने के लिए डिजिटल लाइब्रेरी और ऑनलाइन मॉनिटरिंग सिस्टम को मजबूत किया गया है।
महिलाओं के लिए अन्य प्रमुख योजनाएं:
मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना: जन्म से लेकर स्नातक तक की पढ़ाई के लिए सहायता राशि को ₹15,000 से बढ़ाकर ₹25,000 कर दिया गया है।
मिशन शक्ति 5.0: गांवों में महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान के लिए पुलिस बीट प्रणाली को और अधिक सक्रिय किया गया है।