Ujjwala Yojana Update : अब टोटो ई-रिक्शा चलाने वालों की बढ़ सकती है टेंशन कट सकता है फ्री गैस कनेक्शन?
News India Live, Digital Desk: Ujjwala Yojana Update : सर्दियों के इस मौसम में जहाँ हम सब घर के अंदर सुकून ढूंढ रहे हैं, वहीं प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों के बीच एक नई चर्चा छिड़ गई है। अक्सर सरकारी योजनाओं में समय-समय पर नियम बदलते रहते हैं ताकि उसका फ़ायदा केवल उन्हीं को मिले जो सच में इसके हक़दार हैं। अब एक ऐसी ख़बर आ रही है जो उन लोगों के लिए थोड़ी परेशानी खड़ी कर सकती है, जिनके घर में ई-रिक्शा (जिसे कई राज्यों में 'टोटो' भी कहा जाता है) मौजूद है।
मामला क्या है, चलिए समझते हैं?
सरकार उज्ज्वला योजना के तहत देश के उन परिवारों को फ्री गैस कनेक्शन और सस्ती रिफिल देती है जो गरीबी रेखा से नीचे (BPL) आते हैं। हाल ही में इस योजना की पारदर्शिता को सुधारने के लिए डेटा की जाँच शुरू की गई है। ताज़ा ख़बरों के अनुसार, प्रशासन का मानना है कि यदि किसी परिवार के पास तिपहिया या चार पहिया वाहन है—जिसमें अब ई-रिक्शा यानी 'टोटो' को भी गिना जा रहा है—तो उस परिवार को आर्थिक रूप से 'सक्षम' माना जा सकता है।
टोटो (ई-रिक्शा) ही क्यों बना 'विलेन'?
हकीकत ये है कि ग्रामीण और अर्द्ध-शहरी इलाकों में 'टोटो' आज कमाई का एक बहुत बड़ा ज़रिया बन चुका है। जो परिवार टोटो के ज़रिए महीने की ठीक-ठाक कमाई कर रहे हैं, उनकी गिनती सरकार अब आर्थिक रूप से बहुत कमज़ोर वर्ग में करने से कतरा रही है। रिपोर्ट बताती है कि यदि आपके नाम पर कोई कमर्शियल वाहन या मोटर वाहन रजिस्टर है, तो जाँच के बाद आपका 'उज्ज्वला गैस कनेक्शन' बंद किया जा सकता है।
अभी पैनिक होने की ज़रूरत नहीं है!
अक्सर ऐसी ख़बरों के बाद लोग डर जाते हैं कि क्या कल से ही सिलेंडर नहीं मिलेगा? सच तो ये है कि अभी वेरिफिकेशन का काम चल रहा है। कई राज्यों में लाभार्थियों का 'ई-केवाईसी' (e-KYC) कराया जा रहा है। सरकार चाहती है कि उन नकली या गलत लोगों का नाम लिस्ट से बाहर निकाला जाए जिन्होंने जानकारी छिपाकर ये सुविधा ली है।
किसका कनेक्शन रहेगा सुरक्षित?
अगर आपके घर में टोटो नहीं है और आपकी आमदनी गरीबी रेखा के नियमों के अनुसार ही है, तो आपको डरने की बिलकुल भी ज़रूरत नहीं है। बस एक बात का ध्यान रखिये कि आपका केवाईसी (KYC) अपडेटेड हो। अगर आपके घर में टोटो है और उसे व्यवसाय के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं, तो हो सकता है कि आने वाले समय में आपको सामान्य कनेक्शन में शिफ्ट होना पड़े।
सरकारी नियमों का मुख्य मकसद यही है कि असली 'ज़रूरतमंद' का हिस्सा कोई रसूखदार न मार ले। ऐसे में अगर आप एक ई-रिक्शा चालक हैं और अपना घर चला रहे हैं, तो अपने नजदीकी गैस डीलर से मिलकर ज़रूर स्पष्ट करें कि आपके कागज़ात क्या कहते हैं।