बेटियों के लिए नया साल लाया खुशियों की सौगात ,दीनदयाल लाडो लक्ष्मी योजना में हुए ये बड़े बदलाव
News India Live, Digital Desk : हम जानते हैं कि मध्यमवर्गीय या गरीब परिवारों में बेटियों की शिक्षा और उनके भविष्य को लेकर माता-पिता हमेशा थोड़े फिक्रमंद रहते हैं। इसी चिंता को दूर करने के लिए हरियाणा सरकार ने 'दीनदयाल लाडो लक्ष्मी योजना' की शुरुआत की थी। अब साल 2026 की शुरुआत में ही प्रशासन ने इस योजना के नियमों में कुछ ढील दी है और इसका दायरा बढ़ा दिया है।
क्या है ये बड़ा बदलाव?
खबरों की मानें तो अब इस योजना का लाभ लेने के लिए पात्रता की शर्तों को पहले से आसान कर दिया गया है। पहले बहुत से परिवार सिर्फ इसलिए पीछे रह जाते थे क्योंकि कागजी कार्रवाई बहुत पेचीदा थी या आय की सीमा बहुत सख्त थी। अब सरकार ने इन बाधाओं को हटाकर यह सुनिश्चित करने की कोशिश की है कि गरीब परिवारों की बेटियों को हर महीने मिलने वाली आर्थिक सहायता सीधे उनके खाते में बिना किसी देरी के पहुंच सके।
योजना का असली मकसद
इस योजना के तहत मिलने वाले ₹2100 की मदद (जैसा कि विज़न में था) सिर्फ़ एक रकम नहीं, बल्कि बेटियों के लिए आत्मनिर्भर बनने का एक जरिया है। चाहे अपनी पढ़ाई का खर्च उठाना हो या अपनी छोटी-मोटी जरूरतों के लिए घर में हाथ न फैलाना पड़े, हरियाणा की बेटियां अब 'लखपति' बनने के सपने की ओर बढ़ सकेंगी। मुख्यमंत्री का यह कदम प्रदेश में लिंगानुपात (Gender Ratio) को सुधारने और महिलाओं को सशक्त बनाने की दिशा में एक बड़ी कोशिश माना जा रहा है।
आवेदन करना हुआ और भी आसान
2026 में सब कुछ डिजिटल हो रहा है, तो इस योजना का फायदा उठाने के लिए अब आपको दफ्तरों के चक्कर काटने की जरूरत नहीं है। सरकार ने आवेदन प्रक्रिया को पूरी तरह से सरल और पारदर्शी बना दिया है। 'परिवार पहचान पत्र' के आधार पर अब डेटा का मिलान सीधे होगा, जिससे फर्जीवाड़े की गुंजाइश खत्म हो जाएगी और पैसा असली हकदार तक ही पहुंचेगा।
मेरी एक छोटी सी सलाह:
अगर आप इस योजना की श्रेणी में आते हैं, तो एक बार आधिकारिक पोर्टल पर जाकर अपने 'दस्तावेज' जरूर चेक कर लें। नियमों में बदलाव का फायदा उठाने के लिए जरूरी है कि आपके पास सही जानकारी हो। यह बदलाव उन लाखों माताओं के लिए बड़ी राहत है जो अपनी बेटियों को बेहतर भविष्य देना चाहती हैं।