ईरान को ट्रंप के युद्ध मंत्री की सीधी चेतावनी, पीट हेगसेथ बोले-हमारा सब्र मत आजमाना, एक्शन के लिए तैयार है अमेरिकी सेना
News India Live, Digital Desk: मध्य-पूर्व (Middle East) में तनाव के बीच अमेरिका के नए रक्षा सचिव (Secretary of War) पीट हेगसेथ ने ईरान को कड़ा अल्टीमेटम दे दिया है। हेगसेथ ने दो टूक कहा है कि अगर ईरान ने अपनी हरकतों से बाज न आते हुए अमेरिकी हितों या सहयोगियों को निशाना बनाया, तो अमेरिकी सेना 'विनाशकारी' कार्रवाई के लिए पूरी तरह तैयार है। ट्रंप प्रशासन के इस फायरब्रांड नेता के बयान ने दुनिया भर के रक्षा विशेषज्ञों को चौकन्ना कर दिया है।
'ईरान का आतंक अब और नहीं चलेगा' - हेगसेथ का तीखा प्रहार
पीट हेगसेथ ने एक इंटरव्यू के दौरान ईरान की 'प्रॉक्सी वॉर' रणनीति पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि ईरान लंबे समय से हमास, हिजबुल्लाह और हूतियों के जरिए क्षेत्र में अस्थिरता फैला रहा है। हेगसेथ ने चेतावनी देते हुए कहा"ईरान को यह समझ लेना चाहिए कि अब वॉशिंगटन में नेतृत्व बदल चुका है। हम केवल कड़े शब्दों का इस्तेमाल नहीं करेंगे, बल्कि जरूरत पड़ने पर हमारी सैन्य ताकत जमीन पर दिखेगी। हम किसी भी आक्रामकता का जवाब देने के लिए तैयार बैठे हैं।"
ट्रंप की 'शांति के लिए शक्ति' वाली रणनीति
हेगसेथ का यह बयान राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की 'पीस थ्रू स्ट्रेंथ' (शक्ति के माध्यम से शांति) की नीति का हिस्सा माना जा रहा है। ट्रंप प्रशासन का मानना है कि पिछले कुछ वर्षों में अमेरिकी सैन्य प्रभाव कम होने से ईरान जैसे देशों के हौसले बढ़े हैं। हेगसेथ ने स्पष्ट किया कि वे अमेरिकी सेना को फिर से इतना शक्तिशाली और घातक बनाएंगे कि कोई भी दुश्मन आंख उठाने की हिम्मत न कर सके।
इजरायल और सहयोगियों को दिया भरोसे का मरहम
ईरान को धमकाने के साथ ही हेगसेथ ने इजरायल और खाड़ी देशों को सुरक्षा का पूरा भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि अमेरिका अपने सहयोगियों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा है। रक्षा सचिव ने संकेत दिए कि आने वाले दिनों में मध्य-पूर्व में अमेरिकी सैन्य तैनाती और युद्ध अभ्यासों में बढ़ोतरी देखी जा सकती है ताकि ईरान पर मनोवैज्ञानिक दबाव बनाया जा सके।
विश्व युद्ध की आहट? विशेषज्ञों की बढ़ी चिंता
जानकारों का मानना है कि हेगसेथ की यह बयानबाजी केवल चेतावनी नहीं है। ट्रंप प्रशासन ईरान के परमाणु कार्यक्रम और उसकी मिसाइल शक्ति को खत्म करने के लिए किसी भी हद तक जा सकता है। यदि ईरान ने जवाबी धमकी दी या होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में तेल के टैंकरों को रोका, तो यह विवाद एक बड़े युद्ध का रूप ले सकता है।