Sonth Benefits : अदरक से भी ज्यादा गुणकारी है सोंठ, लेकिन गलत तरीके से सेवन पहुँचा सकता है नुकसान

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News India Live, Digital Desk : रसोई के मसालों में 'सोंठ' यानी सूखी अदरक (Dry Ginger) का स्थान आयुर्वेद में एक औषधि के समान माना गया है। सर्दी-खांसी से लेकर पाचन की समस्याओं तक, सोंठ हर घर का नुस्खा रही है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इसकी तासीर बेहद गर्म होती है, जिसके कारण इसका गलत सेवन सेहत पर भारी भी पड़ सकता है? आइए जानते हैं सोंठ के बेमिसाल फायदे और इसके संभावित नुकसान।

सोंठ के 5 जादुई फायदे (Benefits)

1. पाचन और गैस से राहत

सोंठ मेटाबॉलिज्म को तेज करने में मदद करती है। यदि आपको खाना खाने के बाद पेट फूलने या गैस की समस्या होती है, तो चुटकी भर सोंठ का पाउडर गुनगुने पानी के साथ लेना रामबाण इलाज है।

2. जोड़ों के दर्द और सूजन में कमी

सोंठ में एंटी-इंफ्लेमेटरी (Anti-inflammatory) गुण होते हैं। अर्थराइटिस या जोड़ों के दर्द से परेशान लोगों के लिए सोंठ का लेप या इसका सेवन सूजन को कम करने में मदद करता है।

3. पुरानी खांसी और जुकाम का इलाज

बदलते मौसम में होने वाली एलर्जी और कफ की समस्या के लिए सोंठ, शहद और तुलसी का मिश्रण फेफड़ों को साफ करने और इम्युनिटी बढ़ाने में सहायक होता है।

4. वजन घटाने में मददगार

सोंठ का सेवन शरीर में थर्मोजेनिक एजेंट के रूप में काम करता है, जो फैट बर्निंग (Fat Burning) प्रक्रिया को तेज करता है। सुबह खाली पेट सोंठ का पानी पीने से वजन नियंत्रित रहता है।

5. माइग्रेन और सिरदर्द

अध्ययनों के अनुसार, सोंठ का पेस्ट माथे पर लगाने से रक्त संचार बढ़ता है और माइग्रेन के दर्द में तुरंत राहत मिलती है।

सोंठ के दुष्प्रभाव: किसे और कब संभलना चाहिए? (Side Effects)

सोंठ की तासीर गर्म होती है, इसलिए इसके अधिक सेवन से ये समस्याएं हो सकती हैं:

सीने में जलन (Acid Reflux): ज्यादा मात्रा में सोंठ खाने से पेट में एसिड बढ़ सकता है और जलन हो सकती है।

डायबिटीज: जो लोग शुगर की दवा ले रहे हैं, उन्हें डॉक्टर की सलाह के बिना ज्यादा सोंठ नहीं लेनी चाहिए, क्योंकि यह अचानक ब्लड शुगर लेवल गिरा सकती है।

गर्भावस्था: गर्भवती महिलाओं को सोंठ के सेवन से पहले विशेषज्ञ से बात करनी चाहिए, क्योंकि इसकी गर्म तासीर संवेदनशील हो सकती है।

दस्त (Diarrhea): इसका अधिक सेवन मल को बहुत अधिक ढीला कर सकता है।

सेवन का सही तरीका

आयुर्वेद के अनुसार: सोंठ को हमेशा आधा चम्मच (2-3 ग्राम) से कम मात्रा में ही लें। इसे दूध, शहद या गुनगुने पानी के साथ लेना सबसे प्रभावी होता है।