Lucknow Protest : सीएम योगी की मां पर अभद्र टिप्पणी से भारी आक्रोश, लखनऊ की सड़कों पर उतरे युवा मौलाना पर FIR दर्ज

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News India Live, Digital Desk: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की माता जी के खिलाफ की गई एक अमर्यादित और भड़काऊ टिप्पणी ने राजधानी लखनऊ समेत पूरे प्रदेश में उबाल पैदा कर दिया है। बिहार के एक मौलाना, अब्दुल्ला सलीम द्वारा दिए गए इस विवादित बयान के विरोध में शनिवार और रविवार (8 मार्च 2026) को लखनऊ के हजरतगंज और अटल चौराहे पर जमकर प्रदर्शन हुआ। प्रदर्शनकारियों ने आरोपी का पुतला फूंका और उसकी तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है।

क्या है पूरा मामला? मौलाना के बयान पर क्यों मचा बवाल

दरअसल, बिहार में आयोजित एक सार्वजनिक मजहबी जलसे के दौरान मौलाना अब्दुल्ला सलीम ने सीएम योगी आदित्यनाथ और उनकी माता जी को लेकर अत्यंत अभद्र और उकसाने वाली भाषा का इस्तेमाल किया। इस बयान का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही हिंदू संगठनों और आम जनता की भावनाएं आहत हुईं। लखनऊ में प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे युवाओं का कहना है कि किसी की माता के खिलाफ ऐसी भाषा किसी भी सभ्य समाज में स्वीकार्य नहीं है।

लखनऊ में जोरदार प्रदर्शन और पुतला दहन

रविवार को राजधानी के प्रमुख चौराहों पर भारी संख्या में युवा, अधिवक्ता और सामाजिक संगठनों के लोग जमा हुए। हजरतगंज चौराहे पर प्रदर्शन कर रहे युवाओं ने आरोपी मौलाना अब्दुल्ला सलीम का पुतला फूंका और नारेबाजी की। स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए लखनऊ पुलिस को मौके पर भारी बल तैनात करना पड़ा। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि आरोपी की जल्द गिरफ्तारी नहीं हुई, तो वे प्रदेशव्यापी आंदोलन करेंगे।

पुलिस एक्शन: भाजपा जिलाध्यक्ष की तहरीर पर केस दर्ज

मामले की गंभीरता को देखते हुए भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष रवि कुमार मिश्रा ने लखनऊ पुलिस को लिखित तहरीर दी। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी मौलाना अब्दुल्ला सलीम के खिलाफ गंभीर धाराओं में FIR दर्ज कर ली है। कोतवाली नगर प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार सिंह ने बताया कि केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है और बिहार पुलिस के समन्वय से आरोपी को पकड़ने के प्रयास जारी हैं।

संत समाज और नेताओं ने की कड़ी निंदा

अयोध्या के हनुमानगढ़ी मंदिर के महंत राजू दास और भाजपा नेत्री अपर्णा बिष्ट यादव समेत कई हस्तियों ने इस बयान की तीखी निंदा की है। संतों का कहना है कि इस तरह की बयानबाजी समाज में विद्वेष फैलाने की साजिश है और इसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। प्रशासन ने प्रदर्शनकारियों को आश्वासन दिया है कि कानून के तहत सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।