चुनाव की गर्मी या जुबान फिसल गई? जानिए पृथ्वीराज चव्हाण के उस बयान के पीछे का सच जिसे सुनकर बीजेपी भड़क उठी है

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News India Live, Digital Desk: आजकल की राजनीति में कब किसकी जुबान से क्या निकल जाए, कुछ कहा नहीं जा सकता। महाराष्ट्र में चुनावी सरगर्मी तेज है और ऐसे में कांग्रेस के कद्दावर नेता पृथ्वीराज चव्हाण ने एक ऐसी टिप्पणी कर दी है, जिसने न केवल सत्तापक्ष बल्कि सोशल मीडिया पर भी आम जनता को चौंका दिया है। उन्होंने सीधे अमेरिका के नए राष्ट्रपति बनने जा रहे डोनाल्ड ट्रम्प और हमारे देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर एक बड़ा ही 'अजीब' दावा कर दिया।

हुआ क्या है पूरा मामला?
दरअसल, पृथ्वीराज चव्हाण एक राजनीतिक चर्चा के दौरान पीएम मोदी और डोनाल्ड ट्रम्प के रिश्तों पर बात कर रहे थे। उन्होंने बातों-बातों में तंज कसते हुए कह दिया कि डोनाल्ड ट्रम्प इतने ज्यादा 'डोमिनेटिंग' (प्रभावशाली) हैं कि "वे तो हमारे प्रधानमंत्री को भी किडनैप करके ले जाएंगे।" चव्हाण यहीं नहीं रुके, उन्होंने आगे इस बात पर जोर दिया कि ट्रम्प की कार्यशैली ऐसी है कि उनके सामने कोई नहीं टिकता।

राजनीतिक गलियारों में मचा बवाल
जैसे ही यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने इसे प्रधानमंत्री के पद की गरिमा के खिलाफ बताया। बीजेपी नेताओं का कहना है कि चुनावी हार के डर से कांग्रेस नेता अब इस तरह के बचकाने और अमर्यादित बयान दे रहे हैं। देखा जाए तो राजनीति में एक-दूसरे पर हमला करना कोई नई बात नहीं है, लेकिन देश के प्रधानमंत्री के लिए 'किडनैप' जैसे शब्द का इस्तेमाल करना वाकई हैरान करने वाला है।

मोदी और ट्रम्प की दोस्ती पर सवाल क्यों?
पूरी दुनिया जानती है कि 'हाउडी मोदी' से लेकर 'नमस्ते ट्रम्प' तक, दोनों नेताओं के बीच एक अलग ही तालमेल दिखता रहा है। ऐसे में पृथ्वीराज चव्हाण का यह इशारा शायद इस तरफ था कि ट्रम्प के वापस सत्ता में आने से भारत की विदेश नीति या व्यापारिक समझौतों पर दबाव बढ़ सकता है। लेकिन इस बात को पेश करने का जो अंदाज चव्हाण ने चुना, वो अब उनके गले की फांस बनता दिख रहा है।

अंत में बस इतना ही...
चुनाव के समय अपनी बात जनता तक पहुँचाने के लिए नेता कई बार जोश-जोश में ऐसी बातें कह जाते हैं जो विवाद बन जाती हैं। पृथ्वीराज चव्हाण जैसे सुलझे हुए नेता से ऐसे बयान की उम्मीद शायद किसी को नहीं थी। अब देखना यह है कि कांग्रेस इस मामले पर क्या सफाई देती है या फिर चुनावी माहौल में यह चिंगारी और कितनी आग लगाएगी।

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