महंगे प्रोटीन शेक को कहें टाटा, घर में रखा ये सस्ता सा सत्तू है सेहत का असली पावरहाउस, फायदे जान चौंक जाएंगे
News India Live, Digital Desk: आजकल हम फिट रहने के लिए न जाने कितने जतन करते हैं। कोई विदेशी बीज खरीद रहा है, तो कोई हजारों रुपये के डब्बा बंद प्रोटीन पाउडर। लेकिन क्या आपको याद है, जब हम छोटे थे, तो हमारे बड़े-बुजुर्ग गर्मियों में और काम पर जाने से पहले सत्तू का शरबत पिया करते थे?
भले ही इसे 'गरीबों का खाना' कहा गया हो, लेकिन आज की साइंस मानती है कि भुने हुए चने से बना यह 'सत्तू' दुनिया के सबसे बेहतरीन न्यूट्रिएंट्स से भरा है। अगर आप भी अब तक इसे इग्नोर करते आए हैं, तो इसके ये 4 फायदे जानकर आज ही इसे अपनी डाइट का हिस्सा बना लेंगे।
1. पेट की आग बुझाता है 'देसी कूलेंट'
सत्तू की तासीर बहुत ठंडी होती है। अगर आपको एसिडिटी, जलन या पेट में भारीपन की शिकायत रहती है, तो सत्तू का एक गिलास शरबत किसी जादू से कम नहीं है। यह पेट को अंदर से शांत करता है और चिलचिलाती धूप में भी आपको लू (Heat stroke) से बचाने का काम करता है।
2. सस्ता और टिकाऊ 'प्रोटीन का बाप'
अगर आप वर्कआउट करते हैं और मांसपेशियों को मजबूत बनाना चाहते हैं, तो सत्तू से बेहतर और प्राकृतिक कुछ नहीं है। इसमें हाई क्वालिटी प्लांट-आधारित प्रोटीन होता है जो शरीर को तुरंत एनर्जी देता है। सबसे अच्छी बात? इसमें कोई आर्टिफिशियल फ्लेवर या प्रिजर्वेटिव नहीं होता। सुबह नाश्ते में सत्तू का सेवन आपको दिन भर एक्टिव रखता है।
3. डायबिटीज वालों का पक्का दोस्त
आजकल शुगर (Diabetes) एक बड़ी समस्या बन गई है। सत्तू का 'ग्लाइसेमिक इंडेक्स' बहुत कम होता है, जिसका मतलब है कि इसे खाने से आपके खून में शुगर एकदम से नहीं बढ़ती। इसमें मौजूद फाइबर इंसुलिन के स्तर को बनाए रखने में मदद करते हैं, जिससे आप मीठा खाने की इच्छा पर भी काबू पा लेते हैं।
4. वजन घटाना है? तो सत्तू खाइए!
अगर आप वजन कम करने की कोशिश कर रहे हैं और आपको बार-बार भूख लगती है, तो सत्तू आपके लिए वरदान है। यह फाइबर से भरपूर होता है, जिससे पेट काफी देर तक भरा हुआ महसूस होता है। जब आपको फालतू की भूख (Cravings) नहीं लगेगी, तो आप कैलोरीज कम लेंगे और वजन अपने आप घटने लगेगा। साथ ही, यह कब्ज (Constipation) जैसी पुरानी बीमारी को भी जड़ से मिटाने की ताकत रखता है।
मेरी एक छोटी सी सलाह:
सत्तू सिर्फ शरबत बनाकर ही नहीं, बल्कि इसकी लिट्टी या भरवां परांठा बनाकर भी खाया जा सकता है। कोशिश करें कि इसे 'गुड़' या 'सेंधा नमक' के साथ लें, ताकि इसके फायदे और भी बढ़ जाएं।
चीनी और कार्बोनेटेड ड्रिंक्स को अलविदा कहिये और अपनी मिट्टी के इस सेहतमंद उपहार को अपनाइये। यकीन मानिए, आपकी जेब और सेहत दोनों आपको दुआ देंगी!