ईरान-इजरायल जंग के बीच भारत के रुख से गदगद हुआ तेहरान, सर्वोच्च नेता के प्रतिनिधि ने जताया आभार
News India Live, Digital Desk: पश्चिम एशिया में गहराते युद्ध के बादलों और ईरान-इजरायल के बीच बढ़ते तनाव के बीच एक बड़ी खबर सामने आ रही है। ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के भारत में प्रतिनिधि अयातुल्ला मेहदी महदवीपुर ने भारत सरकार और यहां की जनता के प्रति अपना आभार प्रकट किया है। उन्होंने संकट की इस घड़ी में भारत द्वारा दिखाए गए समर्थन और एकजुटता की सराहना करते हुए इसे दोनों देशों के बीच पुराने और अटूट रिश्तों का प्रमाण बताया है।
भारत के समर्थन की ईरान ने की जमकर तारीफ
ईरानी प्रतिनिधि ने अपने संबोधन में स्पष्ट किया कि भारत ने हमेशा से न्याय और मानवीय मूल्यों का साथ दिया है। उन्होंने कहा कि वर्तमान परिस्थितियों में भारत का रुख शांति और स्थिरता बनाए रखने की दिशा में महत्वपूर्ण है। तेहरान ने इस बात पर जोर दिया कि मुश्किल समय में भारत जैसे बड़े और प्रभावशाली देश का साथ मिलना उनके लिए काफी मायने रखता है। महदवीपुर ने न केवल कूटनीतिक स्तर पर बल्कि जमीनी स्तर पर भी भारतीय जनता द्वारा व्यक्त की गई संवेदनाओं के लिए धन्यवाद दिया।
क्षेत्रीय शांति के लिए भारत की भूमिका अहम
ईरान-इजरायल संघर्ष के चलते पूरी दुनिया की नजरें इस समय भारत के स्टैंड पर टिकी हुई हैं। महदवीपुर ने विश्वास जताया कि भारत क्षेत्रीय स्थिरता बहाल करने में अपनी अहम भूमिका निभाता रहेगा। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत की विदेश नीति की प्रशंसा करते हुए कहा कि भारत संतुलित और स्वतंत्र निर्णय लेने के लिए जाना जाता है। उनके अनुसार, भारत का यह दृष्टिकोण न केवल ईरान के लिए बल्कि पूरे पश्चिम एशिया में शांति स्थापित करने के लिए एक सकारात्मक संकेत है।
ऐतिहासिक रिश्तों को मिलेगी और भी मजबूती
प्रतिनिधि ने आगे कहा कि भारत और ईरान के संबंध केवल व्यापारिक या राजनीतिक नहीं हैं, बल्कि सदियों पुराने सांस्कृतिक और सभ्यतागत जुड़ाव वाले हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि मौजूदा संकट खत्म होने के बाद दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय सहयोग और भी गहरा होगा। संकट के इस दौर में जिस तरह से भारत ने अपनी वैश्विक जिम्मेदारी निभाई है, उससे अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत का कद और भी बढ़ गया है।