Bihar Politics : छोटे राज्यों के बजट से ज्यादा है CM के करीबियों की संपत्ति, RJD MLC सुनील सिंह ने JDU को बताया सबसे भ्रष्ट पार्टी

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News India Live, Digital Desk: बिहार विधान परिषद में पिछले कुछ दिनों से चल रही सत्ता पक्ष और विपक्ष की खींचतान शुक्रवार को अपने चरम पर पहुँच गई। आरजेडी नेता सुनील सिंह ने जेडीयू (JDU) को निशाने पर लेते हुए चंदे के खेल और अवैध संपत्ति को लेकर कई बड़े खुलासे किए।

1. सुनील सिंह के 3 प्रमुख आरोप

सलाहकारों की अकूत संपत्ति: सुनील सिंह ने सीधा हमला करते हुए कहा कि नीतीश कुमार के आस-पास रहने वाले 3-4 'खास' लोगों ने भ्रष्टाचार के जरिए इतनी दौलत जमा कर ली है, जो भारत के कुछ छोटे राज्यों (जैसे सिक्किम या गोवा) के वार्षिक बजट से भी अधिक है।

चंदाखोरी का 'किंग महेंद्र' कनेक्शन: उन्होंने आरोप लगाया कि जेडीयू ने दिवंगत सांसद किंग महेंद्र से वर्षों तक हर महीने 99 लाख रुपये का चंदा लिया और कुल 146 करोड़ रुपये जुटाए। उन्होंने सवाल उठाया कि एक कंपनी जिसका टर्नओवर ही कम है, उसने अपनी क्षमता से ज्यादा चंदा जेडीयू को कैसे दिया?

स्मार्ट मीटर घोटाला: एमएलसी ने स्मार्ट मीटर को भ्रष्टाचार का अड्डा बताते हुए कहा कि लोगों से 100 यूनिट के बजाय 200 यूनिट का पैसा वसूला जा रहा है और इस वसूली का एक बड़ा हिस्सा सत्ताधारी दल को चंदे के रूप में जा रहा है।

2. क्यों शुरू हुआ यह विवाद? (नीरज कुमार बनाम सुनील सिंह)

यह जुबानी जंग तब शुरू हुई जब जेडीयू एमएलसी नीरज कुमार ने सदन के अंदर आरोप लगाया कि आरजेडी ने शराब कंपनियों से मोटा चंदा लिया है।

पलटवार: सुनील सिंह ने इस आरोप को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि जेडीयू ने खुद स्वीकार किया है कि 2020 से 2022 के बीच उन्हें 93 करोड़ रुपये का चंदा मिला, जिसमें से बड़ा हिस्सा केवल दो जगहों से आया।

3. 'केसर और चंदन' वाला कटाक्ष

इससे पहले सदन की कार्यवाही के दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और सुनील सिंह के बीच रोचक नोक-झोंक भी हुई थी।

सुनील सिंह ने जब भ्रष्टाचार का मुद्दा उठाया, तो नीतीश कुमार ने उनके माथे पर लगे 'चंदन' की ओर इशारा करते हुए तंज कसा था।

जवाब में सुनील सिंह ने कहा कि वे अपनी ईमानदारी और सनातन परंपरा का पालन करते हैं, लेकिन सरकार के अंदर 'सफेदपोशों' ने भ्रष्टाचार की सीमाएं पार कर दी हैं।

4. अशोक चौधरी की चुनौती

नीतीश कुमार के करीबी मंत्री अशोक चौधरी ने भी इस विवाद में कूदते हुए सुनील सिंह को चुनौती दी। उन्होंने कहा कि विपक्ष केवल सुर्खियां बटोरने के लिए बेतुके आरोप लगा रहा है। अशोक चौधरी ने यहाँ तक कहा कि यदि उनकी संपत्ति में कोई भी अवैध हिस्सा साबित होता है, तो वे राजनीति छोड़ देंगे।