Railway New Rules 2026 : रेल यात्रियों के लिए बड़ी राहत, वेटिंग टिकट और जनरल कोच के नियमों में हुआ ये बदलाव
News India Live, Digital Desk : भारतीय रेलवे ने 2026 में यात्रियों, विशेषकर अनारक्षित (General) और वेटिंग लिस्ट वाले यात्रियों के लिए कई महत्वपूर्ण नियमों में बदलाव किए हैं, जिससे लाखों लोगों को बड़ी राहत मिली है। भारतीय रेलवे और IRCTC ने अपनी आरक्षण प्रणाली और रिफंड नियमों को अधिक पारदर्शी और यात्री-अनुकूल बनाया है। इन बदलावों का मुख्य उद्देश्य ट्रेनों में भीड़ को नियंत्रित करना और कंफर्म टिकट वाले यात्रियों के सफर को आरामदायक बनाना है।
1. वेटिंग लिस्ट (Waiting List) का नया नियम
आरक्षित कोचों में पाबंदी: 1 जनवरी 2026 से लागू नियम के अनुसार, यदि आपका टिकट वेटिंग लिस्ट (WL) में है और चार्ट बनने के बाद भी कंफर्म नहीं होता, तो आप स्लीपर या एसी (AC) कोच में यात्रा नहीं कर पाएंगे।
पूर्ण रिफंड (Full Refund): यदि आपका वेटिंग टिकट ऑटोमैटिक कैंसिल हो जाता है, तो रेलवे अब बिना किसी कैंसिलेशन चार्ज या क्लर्केज शुल्क के पूरा किराया वापस कर रहा है। पहले इसमें ₹20 से ₹60 तक की कटौती होती थी।
केवल जनरल कोच: वेटिंग टिकट वाले यात्री अब केवल अनारक्षित (General) कोचों में ही यात्रा करने के पात्र होंगे।
2. जनरल टिकट पर 3% की छूट (Digital Booking)
डिजिटल पेमेंट को बढ़ावा देने के लिए रेलवे ने एक बड़ा कदम उठाया है:
Rail One/UTS App: यदि आप मोबाइल ऐप के जरिए जनरल टिकट बुक करते हैं और भुगतान के लिए UPI, डेबिट/क्रेडिट कार्ड या नेट बैंकिंग का उपयोग करते हैं, तो आपको किराये पर 3% की छूट दी जा रही है। यह सुविधा 14 जनवरी 2026 से प्रभावी है।
3. बोर्डिंग पॉइंट (Boarding Point) बदलने की सुविधा
यात्रियों की सुविधा के लिए अब बोर्डिंग स्टेशन बदलने के नियम में ढील दी गई है:
सेकंड चार्ट तक मौका: अब आप अपनी ट्रेन के दूसरे चार्ट (Second Chart) तैयार होने तक अपना बोर्डिंग पॉइंट ऑनलाइन बदल सकते हैं। पहले यह सुविधा केवल ट्रेन छूटने से कुछ घंटे पहले (फर्स्ट चार्ट तक) ही उपलब्ध थी।
4. आधार लिंक (Aadhaar-based Booking) का लाभ
एक्स्ट्रा बुकिंग विंडो: जिन यात्रियों का IRCTC अकाउंट आधार से लिंक है, उन्हें एडवांस रिजर्वेशन पीरियड (ARP) के पहले दिन टिकट बुकिंग के लिए अतिरिक्त समय (16 घंटे तक की विंडो) दिया जा रहा है।
बिना आधार वाले यूजर्स: जिनका आधार लिंक नहीं है, वे बुकिंग शुरू होने के 4 से 8 घंटे बाद ही पोर्टल का उपयोग कर पाएंगे। यह कदम फर्जी एजेंटों और दलालों पर लगाम कसने के लिए उठाया गया है।
5. भारी जुर्माना (Overcrowding Control)
भीड़भाड़ रोकने के लिए टीटीई (TTE) को सख्त निर्देश दिए गए हैं:
यदि कोई यात्री बिना कंफर्म टिकट के स्लीपर कोच में पाया जाता है, तो उस पर ₹250 और एसी कोच में पाए जाने पर ₹440 प्लस किराया का जुर्माना लगाया जाएगा।