Bihar Logistics Policy : नीतीश कैबिनेट का बड़ा फैसला, कचहरी सचिवों का मानदेय बढ़ा, हजारों नई नौकरियों को दी हरी झंडी

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News India Live, Digital Desk: Bihar Logistics Policy : बिहार में नौकरी की तलाश कर रहे युवाओं और ग्राम कचहरी में काम कर रहे सचिवों के लिए मंगलवार का दिन बड़ी खुशखबरी लेकर आया. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में कई अहम प्रस्तावों पर मुहर लगाई गई. इस बैठक में जहां कचहरी सचिवों के मानदेय को दोगुना से भी ज्यादा करने का फैसला लिया गया, वहीं विभिन्न विभागों में हजारों नई नौकरियों का रास्ता भी साफ कर दिया गया है.

चलिए जानते हैं नीतीश कैबिनेट के इन बड़े फैसलों के बारे में, जिनका सीधा असर आप पर पड़ेगा.

कचहरी सचिवों की हुई बल्ले-बल्ले, मानदेय हुआ डबल

यह कैबिनेट का सबसे बड़ा तोहफा माना जा रहा है. सरकार ने ग्राम कचहरी में काम कर रहे सचिवों के मानदेय में बंपर बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है.

  • क्या है फैसला: अब बिहार के लगभग 8,000 कचहरी सचिवों को हर महीने 6,000 रुपये की जगह 12,500 रुपये मानदेय मिलेगा.
  • क्या होगा फायदा: इस फैसले से कचहरी सचिवों की आर्थिक स्थिति में बड़ा सुधार आएगा. यह उनकी लंबे समय से चली आ रही मांग थी, जिसे सरकार ने पूरा कर दिया ہے.

सरकारी नौकरियों का खुला पिटारा

नीतीश सरकार ने अलग-अलग विभागों में 3,000 से ज्यादा नए पदों के सृजन को भी मंजूरी दी है, जिससे राज्य में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे.

  • कहां-कहां निकलेंगी नौकरियां:
    • सामान्य प्रशासन विभाग: राज्य कर्मचारी चयन आयोग के ऑफिस के लिए 301 नए पदों को मंजूरी मिली.
    • स्वास्थ्य विभाग: इंदिरा गांधी हृदय रोग संस्थान (IGIC) में 230 नए पद भरे जाएंगे.
    • विधि विभाग: न्याय मंडल, बीरपुर के लिए सब-जज और दूसरे कर्मचारियों के 18 पद.
    • पथ निर्माण विभाग: सड़कों और पुलों के डिजाइन और निगरानी के लिए 120 नए स्थायी और 2,525 अस्थायी पदों को मंजूरी.

बिहार में सामान लाना-ले जाना होगा आसान

प्रदेश में उद्योग और व्यापार को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने एक नई नीति को मंजूरी दी ਹੈ.

  • क्या है फैसला: 'बिहार लॉजिस्टिक्स नीति 2025' को स्वीकृति दी गई.
  • क्या होगा फायदा: इस नीति के तहत राज्य में गोदामों (वेयरहाउस), साइलो (अनाज भंडार) और कोल्ड स्टोरेज का जाल बिछाया जाएगा. इससे सामान को सुरक्षित रखना और एक जगह से दूसरी जगह पहुंचाना आसान और सस्ता हो जाएगा.

कैबिनेट के कुछ और अहम फैसले:

  • नालंदा खुला विश्वविद्यालय (Nalanda Open University) को बख्तियारपुर इंजीनियरिंग कॉलेज कैंपस में अपना भवन बनाने के लिए 10 एकड़ जमीन दी गई.
  • इथेनॉल उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए मैग्नम डिस्टलरी लिमिटेड को 30 करोड़ 52 लाख रुपये की सब्सिडी दी जाएगी.

कुल मिलाकर, नीतीश कैबिनेट के इन फैसलों का लक्ष्य कर्मचारियों को आर्थिक रूप से मजबूत करने के साथ-साथ युवाओं के लिए रोजगार के नए रास्ते खोलना और प्रदेश के औद्योगिक विकास को रफ्तार देना है.