झारखंड की महिलाओं को मिला शी मार्ट का तोहफा,शहरों में दौड़ेंगी इलेक्ट्रिक बसें जानें बजट की 5 बड़ी बातें
News India Live, Digital Desk: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश किए गए बजट 2026-27 में झारखंड के लिए 'मिशन पूर्वोदय' के तहत विशेष प्रावधान किए गए हैं। बजट का मुख्य फोकस ग्रामीण महिलाओं को "मालिक" बनाना और शहरी यातायात को "प्रदूषण मुक्त" करना है। 'लखपति दीदी' योजना की सफलता के बाद अब सरकार शी मार्ट (Self-Help Entrepreneur Mart) के जरिए महिलाओं को सीधे बाजार से जोड़ने जा रही है।
1. शी मार्ट (SHE Mart): अब महिलाएं बनेंगी रिटेल सेक्टर की मालकिन
बजट में महिला स्वयं सहायता समूहों (SHG) के लिए 'शी मार्ट' की घोषणा की गई है।
क्या है शी मार्ट: ये सामुदायिक स्वामित्व वाले रिटेल आउटलेट्स होंगे, जिनका संचालन पूरी तरह महिलाओं द्वारा किया जाएगा।
सीधा फायदा: झारखंड के ग्रामीण इलाकों में बनने वाले उत्पाद (हस्तशिल्प, अचार, पापड़, वनोपज) अब बिना बिचौलियों के सीधे इन मार्ट्स में बेचे जा सकेंगे।
ब्रांडिंग और मार्केटिंग: सरकार इन मार्ट्स के जरिए महिला उद्यमियों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने में मदद करेगी।
2. शहरी परिवहन: 4000 इलेक्ट्रिक बसों का बेड़ा
पूर्वोदय योजना के तहत झारखंड सहित पूर्वी भारत के राज्यों के लिए 4000 नई इलेक्ट्रिक बसों का प्रावधान किया गया है।
प्रदूषण मुक्त रांची और जमशेदपुर: इन बसों के आने से रांची, जमशेदपुर, धनबाद और देवघर जैसे शहरों में वायु प्रदूषण कम होगा और यातायात सुगम होगा।
सस्ता सफर: इलेक्ट्रिक बसों के संचालन से सार्वजनिक परिवहन की लागत घटेगी, जिसका सीधा फायदा आम जनता की जेब को होगा।
3. सिटी इकोनॉमिक रीजन (CER): छोटे शहरों का होगा कायाकल्प
बजट में झारखंड के टियर-II और टियर-III शहरों के लिए 5,000 करोड़ रुपये प्रति क्लस्टर के निवेश का प्रस्ताव है।
इन्फ्रास्ट्रक्चर बूस्ट: रांची और देवघर जैसे शहरों को 'इकोनॉमिक हब' के रूप में विकसित किया जाएगा, जहाँ सड़कों, जल निकासी और डिजिटल कनेक्टिविटी पर विशेष जोर होगा।
4. महिला छात्रावासों की सौगात
कामकाजी महिलाओं और छात्राओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सरकार ने हर जिले में महिला छात्रावास (Women Hostels) बनाने की घोषणा की है। इससे शिक्षा और रोजगार के लिए बाहर जाने वाली झारखंड की बेटियों को सुरक्षित आवास मिलेगा