Air India Accident Averted : पायलट की सूझबूझ से टला अहमदाबाद जैसा भीषण विमान हादसा हवा में बंद होने लगा था इंजन

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News India Live, Digital Desk: भारतीय विमानन क्षेत्र (Aviation Sector) से एक रोंगटे खड़े कर देने वाली खबर सामने आई है। एयर इंडिया (Air India) के एक विमान के साथ हवा में कुछ ऐसा हुआ जिसने सैकड़ों यात्रियों की जान जोखिम में डाल दी थी, लेकिन पायलट की जबरदस्त 'प्रेजेंस ऑफ माइंड' ने एक बड़े विनाश को टाल दिया। जानकारों का कहना है कि यह हादसा 2008 के अहमदाबाद विमान हादसे की याद दिला सकता था, लेकिन किस्मत और कौशल ने अनहोनी रोक ली।

गूगल डिस्कवर और एविएशन सेफ्टी मानकों के अनुरूप, पेश है इस घटना की पूरी रिपोर्ट:

1. आसमान में अचानक थमने लगी थीं धड़कनें

हादसा उस वक्त होते-होते बचा जब विमान हवा में अपने क्रूज एल्टीट्यूड पर था। अचानक पायलट को इंजन के प्रदर्शन में गिरावट महसूस हुई।

इंजन फेलियर का खतरा: शुरुआती रिपोर्ट्स के अनुसार, विमान का एक इंजन तकनीकी खराबी के कारण ठप होने की कगार पर था।

अहमदाबाद जैसा हादसा? साल 2008 में अहमदाबाद में एक विमान पक्षी से टकराने के बाद क्रैश हो गया था। इस बार भी स्थिति वैसी ही गंभीर थी, लेकिन पायलट ने तुरंत इमरजेंसी प्रोटोकॉल लागू कर दिया।

2. 'फ्यूल स्विच' की मिस्ट्री: आखिर कहां हुई चूक?

एयर इंडिया ने अब इस मामले में एक उच्चस्तरीय जांच शुरू कर दी है। जांच का मुख्य केंद्र 'फ्यूल स्विच' (Fuel Switch) का प्रबंधन है।

क्या है शक? जांचकर्ता इस बात की पड़ताल कर रहे हैं कि क्या उड़ान के दौरान ईंधन की आपूर्ति (Fuel Supply) को मैनेज करने वाले स्विच के साथ कोई मानवीय त्रुटि हुई थी।

फ्यूल असंतुलन: कभी-कभी एक टैंक से दूसरे टैंक में ईंधन शिफ्ट करने की प्रक्रिया में गड़बड़ी से इंजन को तेल मिलना बंद हो जाता है, जिसे 'फ्यूल स्टार्वेशन' (Fuel Starvation) कहा जाता है।

3. पायलट बना 'हीरो': चंद सेकंड्स का था खेल

जैसे ही विमान के सिस्टम ने चेतावनी दी, पायलट ने सूझबूझ का परिचय देते हुए विमान को सुरक्षित ऊंचाई पर बनाए रखा और नजदीकी एयरपोर्ट पर लैंडिंग के लिए क्लियरेंस मांगा।

सुरक्षित लैंडिंग: विमान में सवार सभी यात्री और क्रू मेंबर्स पूरी तरह सुरक्षित हैं।

प्रशंसा: एविएशन एक्सपर्ट्स का कहना है कि अगर पायलट कुछ सेकंड की भी देरी करता, तो विमान को कंट्रोल करना नामुमकिन हो जाता।

4. एयर इंडिया और DGCA की सख्त कार्रवाई

नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने इस घटना को गंभीरता से लिया है।

कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर (CVR): विमान के ब्लैक बॉक्स और डेटा रिकॉर्डर की जांच की जा रही है ताकि पायलटों के बीच हुई बातचीत और स्विच की स्थिति का पता चल सके।

क्रू से पूछताछ: संबंधित पायलटों और मेंटेनेंस टीम के बयान दर्ज किए जा रहे हैं।

विमान सुरक्षा: क्या कहते हैं आंकड़े?

घटनासंभावित कारणपरिणाम
हालिया एयर इंडिया केसफ्यूल स्विच/तकनीकी खराबीसुरक्षित इमरजेंसी लैंडिंग
अहमदाबाद (2008)पक्षी से टक्कर/इंजन फेलदुखद दुर्घटना