पाकिस्तान पर नरसंहार का साया? क्यों अपने ही नागरिकों पर रासायनिक हमले के दावे से जूझ रहा है
News India Live, Digital Desk: इस वक्त पाकिस्तान को लेकर एक ऐसी ख़बर सामने आ रही है, जो सिर्फ़ वहाँ ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया में एक बड़ी चिंता पैदा कर सकती है. ये मामला सीधे-सीधे अंतर्राष्ट्रीय नियमों (International Laws and Pakistan) के उल्लंघन से जुड़ा है और बात है – केमिकल वेपन्स (Chemical Weapons use in Balochistan) की.
पिछले कुछ दिनों से, बलूचिस्तान के कुछ प्रमुख बलूच संगठन (Baloch Groups Shocking Claims) सनसनीखेज और बहुत ही गंभीर आरोप लगा रहे हैं. इन संगठनों का दावा है कि पाकिस्तान की सरकार (Pakistan Killing its own people in Balochistan) और उनकी एजेंसियां बलूचिस्तान के अंदरूनी इलाकों में, खासकर जहाँ विरोध की आवाज़ ज़्यादा उठती है, वहाँ अपने ही लोगों यानी कि बलूच नागरिकों (Baloch civilians under chemical attack) के ख़िलाफ़ कथित तौर पर रासायनिक हथियार या केमिकल वेपन्स का इस्तेमाल कर रही हैं.
अब आप ज़रा सोचिए, अपने देश की जनता पर ही ऐसे ख़तरनाक हथियारों का इस्तेमाल करना, कितना अमानवीय हो सकता है. रिपोर्ट्स और इन बलूच समूहों के दावों में सामने आया है कि इस कार्रवाई में कई मासूम जानें गई हैं. हालाँकि बलूचिस्तान (Balochistan latest news on chemical weapons) की सुरक्षा व्यवस्था बहुत जटिल है, लेकिन ऐसे दावों के बाद भी मानवाधिकार संगठनों (Human rights concern Balochistan) का ख़ामोश रहना बहुत बड़ी चिंता की बात है.
मामला बहुत बड़ा है. बलूच समूहों ने तो अंतर्राष्ट्रीय बिरादरी से अपील तक की है कि वे इन आरोपों की तुरंत और स्वतंत्र जाँच (Independent probe on chemical weapons use) करवाएँ, ताकि सच्चाई दुनिया के सामने आ सके. यह आरोप अपने आप में राष्ट्रीय सुरक्षा और अंतर्राष्ट्रीय कानून का उल्लंघन तो है ही, साथ ही यह सीधे-सीधे मानवता को शर्मसार करने वाली बात भी है. पाकिस्तान सरकार (Pakistan government clarification on chemical attack) को इस पूरे मुद्दे पर जल्द-से-जल्द अपनी बात स्पष्ट करनी चाहिए. अब देखना यह है कि दुनिया की नज़र इस गंभीर मुद्दे पर कब पड़ती है.