UP News : इकबाल अंसारी ने क्यों ठुकराया धन्नीपुर मस्जिद का प्रस्ताव? जानें अयोध्या में बढ़ते नए विवाद का सच

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News India Live, Digital Desk: राम मंदिर निर्माण के बाद से अयोध्या में राजनीतिक और सामाजिक बयानबाज़ी तेज़ हो गई है. रामजन्मभूमि न्यास के पूर्व अध्यक्ष विनय कटियार के मुस्लिम समुदाय पर दिए गए हालिया बयान के बाद, अब अयोध्या विवाद के एक प्रमुख पक्षकार इकबाल अंसारी ने इस पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने साफ कहा है कि अगर कुछ लोग चाहें भी, तो मुस्लिम अयोध्या छोड़कर जाने वाले नहीं हैं. अंसारी ने एक और बड़ी बात कही है – धन्नीपुर में बनने वाली मस्जिद को लेकर.

इकबाल अंसारी ने अपने बयान में कहा, "हम लोग तो यही कह रहे हैं कि अयोध्या की मिट्टी अच्छी है, गंगा-जमुनी तहज़ीब बनी रहनी चाहिए. कोई हमारे ऊपर अंगुली उठाए, तो यह ठीक नहीं." उन्होंने विनय कटियार के उस बयान का जवाब दिया जिसमें उन्होंने कहा था कि अगर मुस्लमान पिटते-भागते हैं तो अयोध्या छोड़कर चले जाएंगे. इस पर अंसारी ने कहा, "हमारी जब लड़ाई चल रही थी तब तो हम नहीं भागे, अब क्यों भागेंगे?" उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि वे अयोध्या के मूल निवासी हैं और यहीं के रहने वाले हैं.

धन्नीपुर में बनने वाली मस्जिद के बारे में इकबाल अंसारी ने एक चौंकाने वाला प्रस्ताव रखा. उन्होंने कहा, "धन्नीपुर में मस्जिद नहीं बनानी चाहिए. वह जो 5 एकड़ ज़मीन मिली है, वहां अच्छी खेती करनी चाहिए, जिससे मुसलमानों को रोज़गार मिलेगा और वहां के लोग पैसा कमाएंगे." अंसारी का यह बयान उस समय आया है जब अयोध्या में मस्जिद निर्माण को लेकर ज़मीन का आवंटन हो चुका है. उनके अनुसार, इस ज़मीन का इस्तेमाल कृषि या अन्य सामाजिक-आर्थिक गतिविधियों के लिए किया जाना ज़्यादा बेहतर होगा, बजाय मस्जिद बनाने के.

इकबाल अंसारी का मानना है कि ऐसे विवादित बयान देकर कुछ लोग सिर्फ़ नफ़रत फैलाने और शांति भंग करने की कोशिश करते हैं. उनके बयान से साफ है कि मुस्लिम समुदाय अयोध्या में अमन-चैन और भाईचारा चाहता है, न कि किसी तरह का विवाद.