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April 02 2026 09:40 pm

UP Eid 2026 Alert : यूपी में ईद पर सुरक्षा का चक्रव्यूह ड्रोन और CCTV से चप्पे-चप्पे पर नजर, भड़काऊ पोस्ट की तो सीधे जाएंगे जेल

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News India Live, Digital Desk: चैत्र नवरात्रि और ईद-उल-फितर 2026 के दोहरे पर्व को देखते हुए उत्तर प्रदेश पुलिस और प्रशासन पूरी तरह 'हाई अलर्ट' मोड पर है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशानुसार, प्रदेश की शांति व्यवस्था भंग करने की कोशिश करने वाले शरारती तत्वों के खिलाफ 'जीरो टॉलरेंस' की नीति अपनाई जा रही है। डीजीपी मुख्यालय ने स्पष्ट कर दिया है कि त्योहार के दौरान सोशल मीडिया पर कोई भी भड़काऊ पोस्ट, वीडियो या अफवाह फैलाने वाले को बख्शा नहीं जाएगा और ऐसे लोगों को सीधे जेल की हवा खानी पड़ सकती है।

ड्रोन और तीसरी आंख का पहरा (Surveillance & Tech)

लखनऊ, कानपुर, प्रयागराज, संभल और मेरठ जैसे संवेदनशील जिलों में सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम किए गए हैं।

एरियल सर्वे: मस्जिदों और ईदगाहों के आसपास भीड़ नियंत्रण और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए आधुनिक ड्रोन कैमरों का इस्तेमाल किया जा रहा है।

CCTV नेटवर्क: प्रमुख चौराहों और नमाज स्थलों को सीसीटीवी कैमरों से लैस किया गया है, जिसकी लाइव मॉनिटरिंग कंट्रोल रूम से की जा रही है।

PAC और SWAT: सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए सिविल पुलिस के साथ-साथ पीएसी (PAC), रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) और स्वाट (SWAT) टीमों को मैदान में उतारा गया है।

सोशल मीडिया पर 'डिजिटल स्ट्राइक' की तैयारी

यूपी पुलिस का 'सोशल मीडिया सेल' 24x7 सक्रिय है। फेसबुक, इंस्टाग्राम, व्हाट्सएप और एक्स (X) पर आपत्तिजनक सामग्री पोस्ट करने वालों पर नजर रखी जा रही है।

आईटी एक्ट का शिकंजा: भड़काऊ पोस्ट करने पर आईटी एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज होगा। सरकार ने हाल ही में साइबर अपराधों के लिए जुर्माने और सजा के प्रावधानों को और सख्त किया है।

अफवाहों से बचें: पुलिस ने जनता से अपील की है कि वे किसी भी असत्यापित जानकारी को शेयर न करें। किसी भी संदिग्ध पोस्ट की जानकारी तुरंत स्थानीय पुलिस या '112' नंबर पर दें।

धर्मगुरुओं के साथ समन्वय और फ्लैग मार्च

शांतिपूर्ण आयोजन सुनिश्चित करने के लिए सभी जिलों के कप्तानों (SSP/SP) ने धर्मगुरुओं के साथ शांति समिति की बैठकें की हैं।

फ्लैग मार्च: पुलिस बल ने संवेदनशील इलाकों में फ्लैग मार्च कर जनता को सुरक्षा का भरोसा दिलाया है।

खुफिया एजेंसियां सतर्क: एलआईयू (LIU) और खुफिया विभाग की टीमें सादे कपड़ों में भीड़ के बीच मौजूद रहकर पल-पल की जानकारी जुटा रही हैं।

सांप्रदायिक सौहार्द की अपील

प्रशासन ने सभी समुदायों से त्योहार को मिल-जुलकर और भाईचारे के साथ मनाने की अपील की है। विशेष रूप से नमाज के समय यातायात व्यवस्था (Traffic Management) को सुचारू रखने के लिए रूट डायवर्जन प्लान लागू किए गए हैं ताकि नमाजियों और आम जनता दोनों को कोई असुविधा न हो।