शिखर पर दो महान नायक ,न्यूजीलैंड के खिलाफ विराट कोहली ने अपने गुरु सचिन का एक और बड़ा रिकॉर्ड किया बराबर
News India Live, Digital Desk: क्रिकेट प्रेमियों के लिए एक पुरानी कहावत है"सचिन तेंदुलकर का रिकॉर्ड या तो कोई भगवान तोड़ सकता है या फिर विराट कोहली।" हाल ही में न्यूजीलैंड के खिलाफ खेले गए वनडे मैच में कुछ ऐसा ही नज़ारा देखने को मिला। मैदान बदल गया, विरोधी गेंदबाज बदल गए, लेकिन कोहली का रन बनाने का जुनून आज भी वैसा ही है जैसे सालों पहले हुआ करता था।
न्यूजीलैंड के खिलाफ सबसे बड़ा 'सुरवीर'
न्यूजीलैंड एक ऐसी टीम है जो भारतीय खिलाड़ियों के लिए हमेशा से एक कड़ी चुनौती रही है। उनकी कसी हुई गेंदबाजी और बेहतरीन फील्डिंग के आगे रन बनाना लोहे के चने चबाने जैसा है। लेकिन इसी चुनौती के बीच विराट कोहली ने सचिन तेंदुलकर के उस महान रिकॉर्ड की बराबरी कर ली है, जिसे पाना किसी भी क्रिकेटर का सपना होता है।
जी हाँ, अब न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे मैचों में सबसे ज़्यादा रन बनाने वाले भारतीय खिलाड़ियों की सूची में विराट और सचिन, दोनों बराबरी पर आ खड़े हुए हैं। यह सिर्फ़ आंकड़ा नहीं है, बल्कि दो पीढ़ियों की निरंतरता और क्लास की गूंज है।
इतना आसान नहीं था ये सफर
सचिन ने अपने लंबे करियर में कीवी टीम के खिलाफ कई यादगार पारियां खेलीं। उनकी वो ट्रेडमार्क 'स्ट्रेट ड्राइव' आज भी फैंस को याद है। वहीं विराट ने अपनी फिटनेस और खेल को समझने की अद्भुत क्षमता से इस रिकॉर्ड को अपनी झोली में डाला। जहाँ सचिन की बल्लेबाज़ी में ग्रेस (Grace) था, वहीं विराट की बल्लेबाज़ी में एक गजब का 'अग्रेशन' और आत्मविश्वास दिखता है।
अगली पीढ़ी के लिए एक पैगाम
हैरानी की बात ये है कि विराट जिस गति से सचिन के रिकॉर्ड्स के पीछे हाथ धोकर पड़े हैं, उससे साफ़ है कि वो रिकॉर्ड बुक को नया रंग देने आए हैं। आज के युवाओं के लिए ये सीख है कि रिकॉर्ड सिर्फ़ एक दिन में नहीं बनते, इसके लिए साख और मेहनत सालों-साल घिसनी पड़ती है।
कोहली के बल्ले से निकला हर एक रन ये बताता है कि उनके पास आज भी वही भूख है जो 2008 में अपने पहले मैच के दौरान थी।
मैदान पर फैंस की दीवानगी
जब विराट ने वह रन बनाया जिसने उन्हें सचिन के बराबर पहुँचाया, तो पूरा स्टेडियम अपनी सीटों पर खड़ा हो गया। यह सम्मान था एक ऐसी लीजेंड के लिए जिसने क्रिकेट को फिर से जीने की नई वजह दी है। अब अगला कदम सचिन से आगे निकलना होगा, और जिस फॉर्म में विराट हैं, फैंस को पता है कि वो दिन ज्यादा दूर नहीं है।
कुल मिलाकर, भारतीय क्रिकेट के लिए यह पल गर्व का है। हमारी एक पीढ़ी ने सचिन के रूप में भगवान देखा और दूसरी पीढ़ी कोहली के रूप में राजा (King) देख रही है।