नेटफ्लिक्स और वॉर्नर की डील पर ट्रम्प का वीटो? जानिए क्यों भड़क गए अमेरिका के होने वाले राष्ट्रपति
News India Live, Digital Desk: अगर आप भी वीकेंड पर पॉपकॉर्न लेकर नेटफ्लिक्स (Netflix) पर फिल्में देखने के शौकीन हैं, तो यह खबर आपके लिए बहुत जरूरी है। एंटरटेनमेंट की दुनिया में पर्दे के पीछे एक बहुत बड़ी "पिक्चर" चल रही है। खबर आ रही थी कि Netflix और Warner Bros. Discovery (जी हाँ, वही वॉर्नर जो हैरी पॉटर और बैटमैन जैसी फिल्में बनाता है) के बीच कोई बहुत बड़ा समझौता या डील होने वाली है।
लेकिन, कहानी में एक ट्विस्ट आ गया है। इस डील के विलेन—या कहें हीरो—बनकर सामने आए हैं डोनाल्ड ट्रम्प (Donald Trump)।
आइये, बिल्कुल आसान भाषा में समझते हैं कि आखिर ट्रम्प को नेटफ्लिक्स और वॉर्नर की दोस्ती से क्या दिक्कत है और उन्होंने इसे "प्रॉब्लम" क्यों कहा है।
"इतनी पावर ठीक नहीं"
सीधे शब्दों में कहें तो ट्रम्प को लगता है कि अगर एंटरटेनमेंट की दो इतनी बड़ी कंपनियां मिल गईं या एक हो गईं, तो यह बाज़ार के लिए खतरनाक हो सकता है। ट्रम्प ने हाल ही में अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म (Truth Social) पर चिंता जताते हुए कहा है कि यह डील "शायद गैरकानूनी" हो सकती है।
उनका तर्क बड़ा साफ़ है— 'मोनोपोली' (Monopoly)। जब कोई एक या दो बड़ी कंपनियां मिलकर पूरे बाज़ार पर कब्ज़ा कर लेती हैं, तो कम्पीटिशन ख़त्म हो जाता है। ट्रम्प का मानना है कि इससे मीडिया इंडस्ट्री में कुछ ही लोगों का राज हो जाएगा, जो कि एक तरह से जनता और लोकतंत्र दोनों के लिए खतरनाक है।
हम पर क्या असर होगा?
अब आप सोच रहे होंगे कि "ट्रम्प अमेरिका में कुछ भी बोलें, मेरा नेटफ्लिक्स तो चल रहा है न?" दोस्तों, बात सिर्फ आज की नहीं है। सोचिये, अगर सारी अच्छी फिल्में और शोज एक ही छत के नीचे आ गए, तो ये कंपनियां अपनी मनमर्जी चलाएंगी।
- महंगा सब्सक्रिप्शन: जब कोई टक्कर देने वाला नहीं बचेगा, तो सब्सक्रिप्शन के दाम बढ़ सकते हैं।
- कम ऑप्शन: अभी आपको अलग-अलग जगह अलग कंटेंट मिलता है। एक होने पर शायद आपके पास चुनने के लिए कम विकल्प रह जाएं।
ट्रम्प ने इशारों में कहा है कि ऐसे "मीडिया दिग्गजों" का एक होना देश के लिए ठीक नहीं है। उन्होंने तो इसे "ब्लॉक" करने तक का संकेत दे दिया है।
ट्रम्प का पुराना 'मीडिया' प्रेम
यह कोई पहली बार नहीं है जब ट्रम्प ने मीडिया कंपनियों पर निशाना साधा है। उनका हमेशा से मानना रहा है कि बड़े मीडिया हाउस मिलकर "नैरेटिव" सेट करते हैं। वॉर्नर ब्रदर्स डिस्कवरी के पास CNN भी है, और हम सब जानते हैं कि CNN और ट्रम्प का रिश्ता कैसा रहा है ("Fake News" वाली कहावत तो याद ही होगी)।
आगे क्या होगा?
अभी तो ट्रम्प ने सिर्फ चेतावनी दी है। लेकिन चूंकि वह फिर से सत्ता में लौट रहे हैं (या प्रभाव में हैं), तो अमेरिका के रेगुलेटर्स इस डील की बाल की खाल निकाल सकते हैं। यानी नेटफ्लिक्स और वॉर्नर के लिए आगे की राह आसान नहीं होने वाली।
कुल मिलाकर, हॉलीवुड में अभी "क्लाइमेक्स" आना बाकी है। आप इस पर क्या सोचते हैं? क्या बड़ी कंपनियों का एक होना हमारे लिए अच्छा है या बुरा?