टॉयलेट तो बस नाम से बदनाम है, आपके घर की ये 5 चीजें हैं बीमारियों का घर, आज ही कर लें साफ
News India Live, Digital Desk : हममें से ज्यादातर लोग हफ्ते में दो-तीन बार टॉयलेट की सफाई फिनाइल या तेजाब से ज़रूर करते हैं क्योंकि हमें लगता है कि सबसे ज्यादा कीटाणु वहीं होंगे। लेकिन विज्ञान की मानें तो कहानी थोड़ी अलग है। असल में, टॉयलेट सीट को हम बार-बार साफ करते रहते हैं, इसलिए वहां बैक्टीरिया उतने नहीं पनप पाते जितने घर की दूसरी अनदेखी चीजों पर।
सोचिये, आखिरी बार आपने अपने टीवी रिमोट को कब सैनिटाइज किया था? शायद कभी नहीं। रिमोट एक ऐसी चीज़ है जिसे घर का हर सदस्य छूता है, पसीने वाले हाथों से और कभी-कभी खाते हुए भी। एक शोध के मुताबिक, टीवी रिमोट पर टॉयलेट सीट के मुकाबले कई गुना ज्यादा बैक्टीरिया पाए जाते हैं।
इसी तरह बात करें किचन के सिंक और जूठे बर्तन धोने वाले स्पंज की। सुनने में थोड़ा घिनौना लग सकता है, लेकिन किचन का सिंक सबसे गंदी जगहों में से एक है। स्पंज हमेशा गीला रहता है और उसमें खाने के बारीक टुकड़े फंसे रहते हैं, जो कीटाणुओं के फलने-फूलने के लिए सबसे शानदार जगह है। हम उसी गंदे स्पंज से बर्तन साफ करते हैं और सोचते हैं कि बर्तन चमक गए!
एक और चीज़ जो हमारे बहुत करीब रहती है, वो है हमारा स्मार्टफोन। हम उसे बेड पर, खाने की मेज पर और यहाँ तक कि कुछ लोग तो टॉयलेट में भी साथ ले जाते हैं। फोन की स्क्रीन पर चिपकी गंदगी हमारे हाथों और चेहरे के जरिए सीधे शरीर के अंदर पहुँच सकती है।
इतना ही नहीं, जिस चॉपिंग बोर्ड पर हम ताजी सब्जियां काटते हैं या जो टूथब्रश होल्डर वाशबेसिन के पास रखा रहता है, वहां नमी की वजह से ई-कोलाई (E. coli) जैसे खतरनाक बैक्टीरिया घर बना लेते हैं।
तो क्या अब डरना शुरू कर दें? बिल्कुल नहीं! बस अपनी सफाई की आदतों में छोटा सा बदलाव करना है। किचन के कपड़े और स्पंज को नियमित रूप से बदलें, रिमोट और फोन को हफ्ते में एक बार किसी सुरक्षित क्लीनर से पोंछें और टूथब्रश होल्डर की सफाई पर भी उतना ही ध्यान दें जितना आप फर्श चमकाने में देते हैं।
याद रखिये, सेहत सिर्फ दवाइयों से नहीं, छोटी-छोटी सावधानियों से भी बनी रहती है।