डेस्क जॉब वालों के लिए वरदान हैं ये 5 योगासन रोजाना 15 मिनट निकालें, ऑफिस की थकान और स्ट्रेस होगा छूमंतर

Post

News India Live, Digital Desk : अगर आप भी दिन के 8-9 घंटे कुर्सी पर बैठकर बिताते हैं, तो शरीर में लचीलापन खत्म होने लगता है और मानसिक थकान बढ़ जाती है। इन 5 योगासनों को अपने रूटीन का हिस्सा बनाकर आप न केवल अपनी रीढ़ की हड्डी को मजबूत कर सकते हैं, बल्कि एकाग्रता (Concentration) भी बढ़ा सकते हैं।

1. ताड़ासन (Mountain Pose)

यह आसन शरीर को स्ट्रेच करने के लिए सबसे बेहतर है।

फायदा: यह पूरे शरीर की मांसपेशियों को खोलता है और शरीर के पोश्चर (Posture) को ठीक करता है।

कैसे करें: सीधे खड़े होकर दोनों हाथों की उंगलियों को आपस में फंसाएं और हथेलियों को ऊपर की ओर करते हुए शरीर को ऊपर की तरफ खींचें।

2. अधोमुख श्वानासन (Downward-Facing Dog)

फायदा: घंटों झुककर काम करने से कंधों और गर्दन में जो खिंचाव आता है, यह उसे दूर करता है। यह मस्तिष्क में रक्त संचार बढ़ाकर सुस्ती को खत्म करता है।

कैसे करें: हाथों और पैरों के बल झुककर शरीर को 'V' आकार में लाएं। अपनी एड़ियों को जमीन पर टिकाने की कोशिश करें।

3. मार्जरी आसन (Cat-Cow Stretch)

यह रीढ़ की हड्डी के लिए सबसे फायदेमंद व्यायाम है।

फायदा: यह पीठ के निचले हिस्से (Lower Back) के दर्द में तुरंत राहत देता है और रीढ़ को लचीला बनाता है।

कैसे करें: घुटनों और हाथों के बल 'मेज़' की स्थिति में आएं। सांस लेते हुए कमर को नीचे की ओर झुकाएं और ऊपर देखें, फिर सांस छोड़ते हुए पीठ को ऊपर उठाएं और ठुड्डी को छाती से लगाएं।

4. वृक्षासन (Tree Pose)

फायदा: यह मानसिक संतुलन और एकाग्रता को बढ़ाता है। ऑफिस के तनावपूर्ण माहौल में यह मन को शांत रखने में मदद करता है।

कैसे करें: एक पैर पर खड़े होकर दूसरे पैर के तलवे को जांघ पर टिकाएं और हाथों को नमस्ते की मुद्रा में ऊपर ले जाएं।

5. बालासन (Child’s Pose)

यह एक रिलैक्सिंग आसन है।

फायदा: यह गर्दन, पीठ और कंधों के तनाव को पूरी तरह रिलीज कर देता है। इसे करने से मन को शांति मिलती है और स्ट्रेस लेवल कम होता है।

कैसे करें: घुटनों के बल बैठकर एड़ियों पर बैठें और सिर को जमीन से टिकाते हुए हाथों को आगे की ओर फैलाएं।

ऑफिस में काम आने वाले 'Quick Tips'

20-20-20 नियम: हर 20 मिनट बाद 20 सेकंड के लिए 20 फीट दूर देखें ताकि आंखों पर जोर न पड़े।

चेयर स्ट्रेच: हर एक घंटे में अपनी कुर्सी पर बैठे-बैठे ही अपनी गर्दन और कलाइयों को क्लॉकवाइज घुमाएं।