इंसाफ की वही दहाड़, लेकिन दुश्मन इस बार सबसे खौफनाक मर्दानी 3 का ट्रेलर देखकर कांप उठेगी रूह

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News India Live, Digital Desk : पिछले कुछ सालों में हमने सिनेमा में कई कॉप फिल्में देखीं, लेकिन जो रुतबा और सादगी शिवानी शिवाजी रॉय के किरदार में है, वो किसी और में नहीं। रानी मुखर्जी एक बार फिर 'मर्दानी 3' के साथ उसी बेबाक अंदाज में वापस आई हैं। फिल्म का ट्रेलर रिलीज़ हो चुका है और इसे देखते हुए आपके रोंगटे खड़े होना तय है।

कहानी में इस बार क्या है नया?
इस बार शिवानी शिवाजी रॉय के सामने जो चुनौती है, वह सिर्फ एक गुनहगार को पकड़ने की नहीं है। इस बार मुकाबला है 'अम्मा' नाम की एक रहस्यमयी और बेहद खतरनाक विलेन से। ट्रेलर से साफ़ जाहिर है कि लड़कियां गायब हो रही हैं और उनके पीछे एक बहुत बड़ा मानव तस्करी (Human Trafficking) का रैकेट काम कर रहा है। 'अम्मा' उस अंधेरे साम्राज्य की मुखिया है जिसे कानून का कोई डर नहीं है।

समय के खिलाफ एक दौड़ (Race Against Time)
ट्रेलर की सबसे बड़ी जान है इसका 'पेस' यानी रफ़्तार। पूरी फिल्म एक टाइम-लिमिट के इर्द-गिर्द घूमती नज़र आ रही है। रानी मुखर्जी के पास चंद घंटे हैं उन मासूम लड़कियों को बचाने के लिए जो मौत के करीब हैं। रानी के चेहरे पर वो तनाव, आँखों में वो आग और भागते हुए वो हिम्मत साफ बयां करती है कि उन्होंने इस किरदार को सिर्फ जिया नहीं, बल्कि महसूस किया है।

सिर्फ गोलियां नहीं, दिमाग का भी खेल है
पिछली फिल्मों की तरह, 'मर्दानी 3' भी सिर्फ़ मारपीट वाली फिल्म नहीं लग रही। ट्रेलर में साफ़ दिखता है कि यह एक दिमागी जंग (Mind Game) है। रानी को 'अम्मा' के उस चक्रव्यूह को तोड़ना है जहाँ पुलिस के लिए पहुँचना नामुमकिन माना जा रहा है। रानी के डायलॉग्स कम हैं, लेकिन उनकी बॉडी लैंग्वेज ही सब कुछ बोल रही है।

क्यों इंतज़ार है इस फिल्म का?
हम सब जानते हैं कि समाज में आज भी महिलाओं और लड़कियों की सुरक्षा एक बड़ा मुद्दा है। ऐसे में 'मर्दानी' सीरीज की फिल्में हमें एक सुकून और मज़बूती का अहसास देती हैं। रानी मुखर्जी ने दिखा दिया है कि बड़े हीरो के बिना भी एक महिला प्रधान फिल्म पूरे देश को झकझोरने की ताक़त रखती है। 'अम्मा' का किरदार जो इस बार विलेन बना है, उसने सस्पेंस को सातवें आसमान पर पहुँचा दिया है।