राजस्थान का बजट और बदलती सियासत, सरकारी नौकरी वालों की धड़कनें बढ़ा देगा विधानसभा का यह सत्र

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News India Live, Digital Desk : आज 6 जनवरी 2026 की ताज़ा सियासी सरगर्मी राजस्थान के विधानसभा भवन से उठ रही है। खबर आ रही है कि राज्य सरकार जनवरी और फरवरी के महीनों में विधानसभा का बजट सत्र (Rajasthan Budget Session 2026) आयोजित करने की पूरी तैयारी में है। वैसे तो हर बार का बजट खास होता है, लेकिन इस बार का सत्र कुछ 'कड़े और बड़े' फैसलों के लिए याद किया जा सकता है।

बजट की सुगबुगाहट और वो खास बिल
जयपुर के सियासी गलियारों में इस वक्त सबसे ज्यादा चर्चा जिस बात की हो रही है, वह है  'दो बच्चों की शर्त' (Two-child policy/bill)। बताया जा रहा है कि सरकार इस सत्र में एक ऐसा बिल पेश करने जा रही है जो सरकारी नौकरी और सरकारी योजनाओं के लाभ को दो संतान वाले नियम से सख्ती से जोड़ सकता है। अगर आप राजस्थान में सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे हैं या सर्विस में हैं, तो यह खबर आपके लिए बहुत काम की है।

क्या होगा इस बिल में?
काफी समय से मांग और बहस चल रही थी कि राजस्थान में बढ़ती जनसंख्या को काबू करने के लिए ठोस नियम लाए जाएं। जानकारी के मुताबिक, इस नए बिल में उन नियमों को साफ़ किया जाएगा जो दो से ज्यादा बच्चों वाले लोगों को प्रमोशन (Promotion) या कुछ नई भर्तियों (Government Jobs) में पात्रता की शर्तें तय करते हैं। सरकार का मकसद ये है कि नियमों में जो भी धुंधलापन (Ambiguity) है, उसे दूर किया जाए ताकि लोग जनसंख्या नियंत्रण के प्रति सजग हों।

जनवरी और फरवरी क्यों हैं खास?
जनवरी के आखिरी हफ्ते या फरवरी की शुरुआत में यह सत्र शुरू होने की संभावना है। इसमें सरकार सिर्फ़ अपना सालाना हिसाब-किताब ही पेश नहीं करेगी, बल्कि आम जनता को ये भी दिखाएगी कि राज्य को भविष्य में किस दिशा में ले जाना है। किसानों के लिए कुछ नई रियायतें और युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बजट का हिस्सा हो सकते हैं।

सच तो ये है कि जब नियम सीधे घर-परिवार और बच्चों की गिनती से जुड़ जाते हैं, तो आम आदमी की दिलचस्पी और चिंता दोनों बढ़ जाती है। सरकार के पास ये बड़ी चुनौती होगी कि वे इस 'दो संतान' वाले बिल को इस तरह पेश करें जिससे आम नागरिक को ये अपना सा लगे और इसका असर धरातल पर दिखाई दे। आने वाले कुछ हफ्तों में साफ हो जाएगा कि इस कानून की रूपरेखा आखिर कैसी होगी।