अब सस्ता होगा आपकी गाड़ी और हेल्थ का बीमा, वित्त मंत्री ने कंपनियों को दिया सख्त आदेश

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गाड़ी का बीमा हो या हेल्थ इंश्योरेंस, हर साल इनका प्रीमियम भरते-भरते हमारी जेब ढीली हो जाती है। लेकिन अब आपके लिए एक बहुत बड़ी राहत की खबर आ रही है। सरकार ने बीमा पर लगने वाले GST में कटौती तो कर दी है, लेकिन सबसे बड़ी चिंता यह थी कि क्या बीमा कंपनियां इस फायदे को आम आदमी तक पहुंचने भी देंगी या खुद अपनी जेब में रख लेंगी?

इसी चिंता को खत्म करने के लिए अब खुद वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण मैदान में उतर आई हैं।

क्या है वित्त मंत्री का 'सख्त आदेश'?

एक कार्यक्रम में बोलते हुए वित्त मंत्री ने सभी बीमा कंपनियों को सख्त और साफ शब्दों में चेतावनी दी है। उन्होंने कहा है कि GST में की गई कटौती का पूरा-पूरा फायदा ग्राहकों को देना ही होगा। कंपनियों को यह सुनिश्चित करना होगा कि घटी हुई दरों का लाभ हर पॉलिसी होल्डर के प्रीमियम में दिखाई दे।

सरल भाषा में इसका मतलब है कि बीमा कंपनियां अब कोई बहाना बनाकर आपसे ज़्यादा प्रीमियम नहीं वसूल सकतीं।

आपकी जेब पर कितना असर पड़ेगा?

यह फैसला हम सभी के लिए एक बड़ी राहत है, खासकर मिडिल क्लास परिवारों के लिए।

  • गाड़ी का बीमा (Car Insurance): अब आपकी कार या बाइक का सालाना बीमा पहले से सस्ता हो जाएगा।
  • स्वास्थ्य बीमा (Health Insurance): हेल्थ इंश्योरेंस की महंगी किश्तें अब थोड़ी कम हो जाएंगी।
  • जीवन बीमा (Life Insurance): आपके टर्म प्लान और अन्य जीवन बीमा पॉलिसियों का प्रीमियम भी घट सकता है।

सरकार के इस कदम के पीछे का मकसद साफ है - वह चाहती है कि बीमा और सस्ता हो ताकि देश का हर आम आदमी इसे आसानी से खरीद सके और खुद को और अपने परिवार को सुरक्षित रख सके।

अब आपको क्या करना है?

अगली बार जब आप अपनी कोई भी बीमा पॉलिसी खरीदें या उसे रिन्यू (Renew) कराएं, तो अपने प्रीमियम की रकम को बहुत ध्यान से चेक करें। सुनिश्चित करें कि कंपनी ने आपको घटी हुई GST का फायदा दिया है। अगर आपको लगता है कि कंपनी ऐसा नहीं कर रही है, तो आप इसकी शिकायत कर सकते हैं।

यह फैसला न सिर्फ आपकी जेब पर बोझ कम करेगा, बल्कि यह भी सुनिश्चित करेगा कि सरकार द्वारा दी गई राहत सीधे आप तक पहुंचे, न कि कंपनियों के खजाने में।