NEET Student Murdered in Gorakhpur : सीएम योगी आदित्यनाथ ने दिया ₹5 लाख का मुआवजा, परिवार को मिला सहारा

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News India Live, Digital Desk: NEET Student Murdered in Gorakhpur : उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ मवेशी तस्करों ने एक होनहार NEET (नीट) के छात्र की जान ले ली. इस दुखद खबर ने सभी को झकझोर दिया है. ऐसे मुश्किल और गमगीन माहौल में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) ने पीड़ित परिवार के प्रति अपनी संवेदनशीलता दिखाते हुए उन्हें 5 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की है. यह राशि परिवार के लिए इस मुश्किल घड़ी में एक बड़ा सहारा बन सकती है.

तो क्या था यह पूरा मामला और कैसे सीएम योगी ने इस परिवार को सहारा दिया? आइए जानते हैं विस्तार से.

क्या हुआ गोरखपुर में उस NEET छात्र के साथ?

खबरों के मुताबिक, गोरखपुर में मवेशी तस्करों के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन करते हुए या उनसे उलझने के दौरान एक युवा NEET छात्र की दर्दनाक हत्या कर दी गई. इस घटना से पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई. एक ऐसा छात्र जिसने अपने भविष्य के लिए NEET की परीक्षा की तैयारी कर रहा था, उसका इस तरह से अपनी जान गँवा देना, बहुत ही अफ़सोसनाक है. यह घटना राज्य में कानून-व्यवस्था पर भी सवाल खड़े करती है, हालाँकि सरकार अपराधियों के ख़िलाफ़ सख्त कार्रवाई की बात कह रही है.

सीएम योगी ने बढ़ाया मदद का हाथ:

जैसे ही यह दुखद खबर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ तक पहुँची, उन्होंने तुरंत पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता देने का ऐलान किया. सीएम योगी ने इस घटना पर गहरा दुःख व्यक्त किया और मृत छात्र के परिवार को 5 लाख रुपये की सहायता राशि प्रदान की. यह दिखाता है कि राज्य सरकार अपने नागरिकों की सुरक्षा और उनके कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है, और ऐसे दुखद समय में वह परिवारों के साथ खड़ी रहती है.

यह आर्थिक सहायता क्यों महत्वपूर्ण है?

इस तरह की आर्थिक सहायता किसी भी परिवार के लिए उनके बच्चे को वापस नहीं ला सकती, लेकिन यह उन्हें कुछ हद तक आर्थिक और भावनात्मक सहारा ज़रूर देती है. खासकर जब एक कमाने वाला सदस्य या परिवार का भविष्य उम्मीद से भरा युवा असमय चला जाता है, तो यह मदद परिवार को मुश्किल से निकलने में सहायक होती है. सीएम योगी के इस कदम से पीड़ित परिवार को कुछ सांत्वना ज़रूर मिली होगी और उन्हें न्याय मिलने की उम्मीद भी होगी. सरकार इस मामले में दोषियों के ख़िलाफ़ कड़ी कार्रवाई करने की बात कह रही है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके.

इस दुखद घटना ने हमें फिर याद दिलाया है कि हमें अपने समाज में अपराधियों और अपराधों के ख़िलाफ़ मिलकर आवाज़ उठानी चाहिए. साथ ही, सरकार का यह कदम पीड़ितों को न्याय दिलाने और उनके साथ खड़ा रहने के एक मजबूत इरादे को दर्शाता है.