लखनऊ अब बन गया है किला ,26 जनवरी पर परिंदा भी पर नहीं मार पाएगा, चप्पे-चप्पे पर ATS तैनात

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News India Live, Digital Desk: गणतंत्र दिवस (Republic Day) का जोश पूरे देश में हाई है, और अपनी 'नवाबों की नगरी' लखनऊ भी तिरंगे के रंग में रंगने को तैयार है। 26 जनवरी को विधानसभा के सामने होने वाली भव्य परेड को देखने का उत्साह हम सब में होता है। लेकिन, जश्न के साथ-साथ सुरक्षा भी उतनी ही जरूरी है।

अगर आप लखनऊ में रहते हैं या 26 जनवरी के आसपास यहाँ आने का प्लान बना रहे हैं, तो यह खबर आपके लिए बहुत काम की है। राजधानी लखनऊ को सुरक्षा के लिहाज से बिल्कुल किसी किले (Fortress) में तब्दील कर दिया गया है।

आइये आसान भाषा में समझते हैं कि शहर में क्या माहौल है और आपको किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।

चप्पे-चप्पे पर ATS और कमांडो की नज़र

सुरक्षा में कोई चूक न हो, इसके लिए लखनऊ पुलिस ने इस बार कमर कस ली है। सिर्फ लोकल पुलिस ही नहीं, बल्कि ATS (एंटी टेरर स्क्वाड) के जांबाज कमांडो को भी संवेदनशील जगहों पर तैनात किया गया है।
विधानसभा भवन, जहाँ मुख्य कार्यक्रम होना है, उसे सबसे ज्यादा हाई-सिक्योरिटी जोन में रखा गया है। ऐसा समझ लीजिये कि वहां पुलिस की इजाजत के बिना एक 'मच्छर' भी नहीं घुस सकता।

होटल, बस अड्डे और स्टेशन पर सघन तलाशी

पुलिस प्रशासन ने शहर के सभी होटलों, लॉज और ढाबों की चेकिंग शुरू कर दी है। चारबाग रेलवे स्टेशन हो या कैसरबाग बस अड्डा, हर आने-जाने वाले पर नजर रखी जा रही है। अगर आप कहीं ट्रेवल कर रहे हैं, तो अपने साथ ओरिजिनल आईडी कार्ड (ID Card) ज़रूर रखें, क्योंकि पुलिस आपको कहीं भी रोककर पूछताछ कर सकती है। डॉग स्क्वायड और बम निरोधक दस्ते भी लगातार गश्त लगा रहे हैं।

घर से निकलने से पहले रूट मैप (Traffic Diversion) देख लें

अब सबसे ज़रूरी बात ट्रैफिक। 26 जनवरी की परेड की वजह से लखनऊ के कई मुख्य रास्ते या तो बंद रहेंगे या फिर डाइवर्ट (Route Diversion) कर दिए जाएंगे।

  • विधानसभा मार्ग: परेड के दौरान विधानसभा के सामने वाली मुख्य सड़क आम जनता के लिए पूरी तरह बंद रह सकती है।
  • हजरतगंज और चारबाग: अगर आप हजरतगंज, बापू भवन या चारबाग की तरफ जाने का सोच रहे हैं, तो जाम से बचने के लिए एक्स्ट्रा समय लेकर निकलें या फिर मेट्रो का इस्तेमाल करें।
  • ट्रैफिक पुलिस की सलाह है कि वैकल्पिक रास्तों का ही प्रयोग करें ताकि आप और आपके परिवार को जाम में न फंसना पड़े।

सुरक्षा घेरे (Fortification) का मतलब क्या है?

'किलेबंदी' का मतलब है कि लखनऊ की सीमाओं (Borders) को सील करना। बाहर के जिलों से आने वाली गाड़ियों की भी सघन तलाशी ली जा रही है। खुफिया विभाग (Intelligence) के लोग सादे कपड़ों में भीड़ के बीच मौजूद रहेंगे ताकि किसी भी गड़बड़ी को रोका जा सके।