Kolkata Brigade Ground: पीएम मोदी की रैली से पहले बीजेपी का बड़ा प्रदर्शन ब्रिगेड ग्राउंड के बाहर धरने पर बैठे कार्यकर्ता
News India Live, Digital Desk : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 14 मार्च 2026 को कोलकाता के ऐतिहासिक ब्रिगेड परेड ग्राउंड में एक विशाल जनसभा को संबोधित करने वाले हैं। यह रैली बीजेपी की 'परिवर्तन यात्रा' के समापन का प्रतीक है। हालांकि, रैली से ठीक पहले बीजेपी कार्यकर्ताओं ने आयोजन स्थल के बाहर धरना (Sit-in Protest) शुरू कर दिया है, जिससे चुनावी माहौल और भी गर्मा गया है।
विरोध प्रदर्शन की मुख्य वजहें (Reasons for Protest)
बीजेपी कार्यकर्ताओं के इस धरने के पीछे मुख्य रूप से तीन बड़े कारण बताए जा रहे हैं:
प्रशासनिक अड़चनें: बीजेपी नेताओं का आरोप है कि राज्य प्रशासन और कोलकाता पुलिस रैली में आने वाली बसों और कार्यकर्ताओं को रोकने की कोशिश कर रही है।
पोस्टर्स और बैनर का विवाद: कार्यकर्ताओं का दावा है कि शहर में लगाए गए पीएम मोदी के 'ब्रिगेड चलो' पोस्टर्स और कट-आउट्स को टीएमसी (TMC) कार्यकर्ताओं द्वारा फाड़ा या हटाया जा रहा है।
SIR (Special Intensive Revision) मुद्दा: बीजेपी कार्यकर्ता उन 'डिटेक्शन' और 'वोटर लिस्ट से नाम हटाने' की कार्रवाई के खिलाफ भी आवाज उठा रहे हैं, जिसे लेकर पिछले दिनों ममता बनर्जी ने भी धरना दिया था। बीजेपी का कहना है कि टीएमसी झूठा नैरेटिव फैला रही है।
ब्रिगेड रैली की भव्य तैयारियां (Mega Preparations)
इस रैली को 2026 के विधानसभा चुनाव का 'शंखनाद' माना जा रहा है:
मंच का डिजाइन: मुख्य मंच को कोलकाता के प्रसिद्ध कालीघाट मंदिर की तर्ज पर बनाया गया है।
विशाल भीड़ का लक्ष्य: बीजेपी नेतृत्व ने इस रैली में 10 से 15 लाख लोगों के जुटने का दावा किया है। इसके लिए हावड़ा, सियालदह और सेंट्रल कोलकाता से तीन बड़ी रैलियां निकलेंगी।
सुरक्षा घेरा: एसपीजी (SPG) ने पूरे मैदान को अपने नियंत्रण में ले लिया है। विक्टोरिया मेमोरियल के ठीक सामने बने इस मंच की सुरक्षा के लिए कड़े इंतजाम किए गए हैं।
ममता बनर्जी का पलटवार
बीजेपी के इस शक्ति प्रदर्शन के जवाब में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भी मोर्चा खोल दिया है। उन्होंने बीजेपी पर 'वोटर लिस्ट में धांधली' और 'एलपीजी (LPG) की बढ़ती कीमतों' को लेकर हमला बोला है। टीएमसी का कहना है कि बाहरी लोगों को बुलाकर बीजेपी केवल दिखावा कर रही है।