क्या वाकई 'एक अनार सौ बीमार' का मुहावरा सच है? जानें हाई ब्लड प्रेशर, दिल और दिमाग की सेहत पर इसके असर का वैज्ञानिक सच
लाल और रसीले दानों वाला अनार न केवल स्वाद में लाजवाब है, बल्कि आयुर्वेद से लेकर आधुनिक विज्ञान तक इसे 'सुपरफूड' की श्रेणी में रखा गया है। अक्सर कहा जाता है कि एक अनार सौ बीमारियों को ठीक कर सकता है, लेकिन क्या वाकई यह हाई ब्लड प्रेशर (Hypertension) जैसी गंभीर स्थिति को कंट्रोल करने में सक्षम है? हालिया वैज्ञानिक शोध और विशेषज्ञों की राय बताती है कि अनार में मौजूद शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट्स और पॉलीफेनोल्स न केवल धमनियों की सूजन कम करते हैं, बल्कि हमारे शरीर के सबसे महत्वपूर्ण अंगों—दिल और दिमाग—की कार्यक्षमता को भी नया जीवन देते हैं।
ब्लड प्रेशर कंट्रोल: दवाओं की तरह काम करता है अनार का रस
यूनानी दवाओं के एक्सपर्ट डॉक्टर सलीम जैदी के अनुसार, रोजाना एक अनार खाने या इसका जूस पीने से दिल की धमनियों (Arteries) में जमा फैट और गंदगी धीरे-धीरे साफ होने लगती है।
ACE गतिविधि में कमी: Pharmacological Research में प्रकाशित एक शोध के अनुसार, अनार का रस शरीर में ACE (Angiotensin Converting Enzyme) की गतिविधि को 36% तक कम कर सकता है। दिलचस्प बात यह है कि आधुनिक बीपी की दवाएं भी इसी सिद्धांत पर काम करती हैं।
नसों को आराम: रोजाना 150ml अनार का जूस पीने से नसें रिलैक्स होती हैं, जिससे रक्त प्रवाह सुचारू होता है और सिस्टोलिक ब्लड प्रेशर में कमी आती है।
दिमाग की सेहत: याददाश्त बढ़ाने और अल्जाइमर से बचाव में मददगार
क्लीनिकल डायटीशियन जी सुषमा बताती हैं कि अनार में मौजूद 'एलागिटैनिन्स' कंपाउंड मस्तिष्क की कोशिकाओं को बूढ़ा होने से रोकते हैं।
माइटोफैगी प्रक्रिया: Nature Medicine के मुताबिक, जब हम अनार खाते हैं, तो हमारे पेट के बैक्टीरिया इसे यूरोलिथिन ए में बदल देते हैं। यह यौगिक क्षतिग्रस्त कोशिकाओं को साफ कर मस्तिष्क को अल्जाइमर और पार्किंसंस जैसी बीमारियों के खतरे से बचाता है।
मेमोरी बूस्टर: एक रिसर्च में पाया गया कि जिन वयस्कों ने 4 सप्ताह तक रोजाना अनार के जूस का सेवन किया, उनके मेमोरी टेस्ट स्कोर में उल्लेखनीय सुधार देखा गया।
अनार के अन्य बेमिसाल फायदे
अनार केवल दिल और दिमाग तक ही सीमित नहीं है, इसके लाभ शरीर के हर हिस्से तक पहुँचते हैं:
सूजन और स्ट्रेस में कमी: इसमें मौजूद पॉलीफेनॉल्स शक्तिशाली एंटी-इंफ्लेमेटरी गुणों से भरपूर होते हैं, जो शरीर में फ्री रेडिकल्स को कम कर ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस को नियंत्रित करते हैं।
जवान स्किन: यह कोलेजन टूटने की प्रक्रिया को धीमा करता है, जिससे झुर्रियां कम होती हैं और त्वचा में कसावट बनी रहती है।
कैंसर से बचाव: शुरुआती शोध बताते हैं कि अनार के तत्व कैंसर सेल्स की ग्रोथ को धीमा करने और ट्यूमर को मिलने वाली ब्लड सप्लाई को काटने में मदद कर सकते हैं।
कितनी मात्रा में अनार खाना है सही?
विशेषज्ञों के अनुसार, हालांकि रिसर्च में अनार के एक्सट्रैक्ट (500–1000 mg) का उपयोग किया जाता है, लेकिन पूरा फल चबाकर खाना जूस या सप्लीमेंट के मुकाबले कहीं ज्यादा फायदेमंद और सुरक्षित विकल्प है। साबुत अनार खाने से शरीर को जरूरी फाइबर भी मिलता है, जो पाचन तंत्र के लिए वरदान है।