IPL 2026 : रिंकू सिंह को बना देना चाहिए था कप्तान आकाश चोपड़ा ने KKR की लीडरशिप पर उठाए सवाल
News India Live, Digital Desk: आईपीएल 2026 का बिगुल बजने ही वाला है, लेकिन तीन बार की चैंपियन कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के कप्तान के तौर पर अजिंक्य रहाणे के नाम पर अभी भी बहस जारी है। मशहूर कमेंटेटर और पूर्व क्रिकेटर आकाश चोपड़ा ने एक ताजा इंटरव्यू में चौंकाने वाला दावा किया है। आकाश के मुताबिक, केकेआर को आईपीएल 2025 के मेगा ऑक्शन के बाद ही रिंकू सिंह को कप्तानी सौंप देनी चाहिए थी। उन्होंने तर्क दिया कि रहाणे जैसे 'कंडीशन अप्लाई' कप्तान के बजाय रिंकू सिंह एक लंबी रेस के घोड़े साबित हो सकते थे।
रहाणे नहीं, रिंकू क्यों थे आकाश की पहली पसंद?
आकाश चोपड़ा ने 'रेवस्पोर्ट्ज' के एक कार्यक्रम में केकेआर की नीलामी रणनीति की आलोचना करते हुए कहा कि टीम ने कप्तानी के लिए अपने हाथ खुद बांध लिए हैं। उनके अनुसार रिंकू सिंह को कप्तान बनाने के पीछे ये 3 मुख्य कारण थे:
निश्चित स्थान (Regularity): रिंकू सिंह टीम के 'रेगुलर' सदस्य हैं और प्लेइंग-XI में उनकी जगह को लेकर कोई संशय नहीं रहता।
बैटिंग फ्लेक्सिबिलिटी: रहाणे के साथ 'कंडीशन' है कि वे केवल टॉप ऑर्डर या ओपनिंग में ही प्रभावी हैं। इसके विपरीत, रिंकू किसी भी नंबर पर बल्लेबाजी कर सकते हैं और उन पर बैटिंग पोजीशन का कोई दबाव नहीं होता।
लीडरशिप अनुभव: रिंकू सिंह ने घरेलू क्रिकेट में उत्तर प्रदेश (UP) की कप्तानी की है और हाल ही में यूपी टी20 लीग में भी अपनी नेतृत्व क्षमता दिखाई है।
ऑक्शन की गलती: 'कैप्टन आपका थर्ड ऑप्शन नहीं हो सकता'
आकाश चोपड़ा ने तंज कसते हुए कहा, "केकेआर ऑक्शन में कप्तान खरीदने गया ही नहीं। जब बड़े नाम (जैसे श्रेयस अय्यर) आए थे, तो आपको उन पर दांव लगाना चाहिए था। टी20 में कप्तान का बहुत महत्व है। आपने एक्सेलरेटेड ऑक्शन में रहाणे को लिया और उन्हें कप्तान बना दिया। कैप्टेंसी चॉइस कभी आपका तीसरा विकल्प नहीं होनी चाहिए।" उन्होंने आगे उदाहरण देते हुए कहा कि जब रियान पराग, रुतुराज गायकवाड़ और संजू सैमसन जैसे युवाओं को मौका मिल सकता है, तो रिंकू को क्यों नहीं?
IPL 2026: रहाणे के सामने चुनौतियों का पहाड़
भले ही आकाश चोपड़ा ने रिंकू का पक्ष लिया हो, लेकिन अजिंक्य रहाणे ही इस सीजन में केकेआर की कमान संभालेंगे। पिछले सीजन में टीम के 8वें स्थान पर रहने के बाद रहाणे पर भारी दबाव है। इस बार टीम के नए कोच अभिषेक नायर और मेंटर ड्वेन ब्रावो के साथ मिलकर रहाणे को अपनी कप्तानी और बल्लेबाजी दोनों को साबित करना होगा। केकेआर का लक्ष्य अपनी चौथी ट्रॉफी जीतना है, लेकिन क्या रहाणे टीम के अंदर चल रही इन 'लीडरशिप' चर्चाओं के बीच खिलाड़ियों को एकजुट रख पाएंगे, यह देखना दिलचस्प होगा।