जब हवा में अटक गईं 151 जानें! सांसद डिंपल यादव की फ्लाइट की लखनऊ में इमरजेंसी लैंडिंग, मचा हड़कंप
लखनऊ: दिल्ली से देवघर जा रही इंडिगो की एक फ्लाइट में आज उस वक्त हड़कंप मच गया, जब यात्रियों की सांसें हवा में अटक गईं। विमान में समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव की पत्नी डिंपल यादव समेत 151 यात्री सवार थे, तभी तकनीकी खराबी के चलते पायलट को विमान की इमरजेंसी लैंडिंग करानी पड़ी।
यह एक आम उड़ान थी, लेकिन कुछ ही पलों में यह खौफ और दहशत के माहौल में तब्दील हो गई. एक बड़ी अनहोनी तो टल गई, लेकिन इस घटना ने सबकी धड़कनें बढ़ा दी हैं.
आखिर बीच हवा में ऐसा क्या हुआ?
इंडिगो की फ्लाइट ने दिल्ली से अपनी नियमित उड़ान भरी थी. सब कुछ सामान्य था. लेकिन उड़ान भरने के कुछ ही देर बाद, पायलट को विमान के इंजन में कुछ गंभीर तकनीकी खराबी का संकेत मिला. विमान के एक इंजन से अजीब आवाजें आने की भी खबर है. ऐसी स्थिति में, हवा में मौजूद सैकड़ों लोगों की जान का जोखिम लेना किसी भी पायलट के लिए सबसे मुश्किल फैसला होता है.
यात्रियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए, पायलट ने बिना एक पल गंवाए विमान को तुरंत नजदीकी एयरपोर्ट पर उतारने का फैसला किया. उस वक्त, विमान के लिए सबसे करीबी और सबसे सुरक्षित एयरपोर्ट लखनऊ का चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा था.
पायलट की सूझबूझ और लखनऊ में सुरक्षित लैंडिंग
पायलट ने तुरंत लखनऊ एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) से संपर्क साधा और इमरजेंसी लैंडिंग की इजाजत मांगी. एटीसी से हरी झंडी मिलते ही, लखनऊ एयरपोर्ट पर हड़कंप मच गया. एयरपोर्ट पर तुरंत फुल इमरजेंसी घोषित कर दी गई. फायर ब्रिगेड की गाड़ियां, एंबुलेंस और सुरक्षाकर्मियों को रनवे पर तैनात कर दिया गया.
कुछ तनावपूर्ण पलों के बाद, पायलट ने अपनी असाधारण कुशलता का परिचय देते हुए विमान को लखनऊ एयरपोर्ट पर सुरक्षित लैंड करा लिया. विमान के सुरक्षित उतरते ही यात्रियों और क्रू मेंबर्स ने राहत की सांस ली. सभी 151 यात्रियों, जिनमें सांसद डिंपल यादव भी शामिल थीं, को सुरक्षित विमान से बाहर निकाला गया.
यात्रियों को भेजा गया दूसरे विमान से
इंडिगो ने बताया कि सभी यात्रियों का पूरा ध्यान रखा गया और उन्हें उनके गंतव्य, देवघर, भेजने के लिए एक दूसरे विमान की व्यवस्था की गई. इस घटना के बाद, नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं. जांच के बाद ही खराबी के असली कारणों का पता चल पाएगा.
लेकिन एक बात तो तय है - आज पायलट की सूझबूझ और त्वरित निर्णय ने 151 जिंदगियों को एक बड़े हादसे का शिकार होने से बचा लिया.