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March 15 2026 05:08 am

Chhattisgarh : रायपुर में गैस माफियाओं पर हड़कंप छापेमारी में 350 से ज्यादा सिलेंडर जब्त, ₹4,000 में बिक रहा था एक रिफिल

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News India Live, Digital Desk: रायपुर में पिछले कुछ दिनों से कमर्शियल और घरेलू गैस की सप्लाई बाधित होने की शिकायतों के बाद जिला प्रशासन ने विशेष जांच दल का गठन किया। शनिवार को शहर के अलग-अलग गैस गोदामों और संदिग्ध ठिकानों पर की गई छापेमारी में 350 से अधिक एलपीजी सिलेंडर जब्त किए गए हैं।

कार्रवाई की मुख्य बातें 

कालाबाजारी का खेल: जांच में पाया गया कि ₹900-₹1,100 में मिलने वाले सिलेंडर को जमाखोर ₹3,500 से ₹4,000 तक के मनमाने दामों पर बेच रहे थे।

दुरुपयोग (Misuse): कई जगहों पर घरेलू सिलेंडरों (14.2 kg) का अवैध रूप से व्यावसायिक उपयोग (Commercial use) किया जा रहा था, जो नियमों का सीधा उल्लंघन है।

इंडेन और अन्य एजेंसियां: रायपुर के कई प्रमुख इंडेन गैस वितरकों और गोदामों पर 'तरल पेट्रोलियम गैस (वितरण और आपूर्ति विनियमन) आदेश 2000' के तहत कार्रवाई की गई है।

पूरे प्रदेश में एक्शन: केवल रायपुर ही नहीं, बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ में अब तक 741 सिलेंडर जब्त किए जा चुके हैं और 102 स्थानों पर छापेमारी की गई है।

क्यों पैदा हुआ यह संकट?

वेस्ट एशिया क्राइसिस: ईरान और इजरायल के बीच बढ़ते तनाव के कारण वैश्विक तेल और गैस आपूर्ति श्रृंखला (Supply Chain) प्रभावित हुई है।

पैनिक बुकिंग: किल्लत की खबरों के बीच आम जनता में 'पैनिक बुकिंग' बढ़ गई है, जिससे स्टॉक तेजी से खत्म हो रहा है।

होल्डिंग (जमाखोरी): कुछ वितरकों ने संकट का फायदा उठाकर सिलेंडर छिपा लिए हैं ताकि उन्हें ऊंचे दामों पर बेचा जा सके।

आम जनता के लिए निर्देश

शिकायत करें: यदि कोई एजेंसी संचालक गैस देने से मना करे या अधिक पैसे मांगे, तो तुरंत जिला प्रशासन या खाद्य विभाग के हेल्पलाइन नंबर पर सूचित करें।

भयभीत न हों: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आश्वासन दिया है कि राज्य में गैस का पर्याप्त स्टॉक है और आपूर्ति जल्द ही सामान्य कर ली जाएगी