मिडिल ईस्ट में कोहराम: दुबई में मिसाइल अटैक के बाद गिरा मलबा, 2 भारतीय समेत कई घायल; अब तक 8 की मौत
दुबई/नई दिल्ली: ईरान, इजरायल और अमेरिका के बीच छिड़ी जंग अब भीषण रूप लेती जा रही है। इस महायुद्ध की तपिश से सात समंदर पार बैठे भारतीय भी सुरक्षित नहीं हैं। ताजा घटनाक्रम में दुबई के अल बदा इलाके से एक डराने वाली खबर सामने आई है। मंगलवार को यहां रिहायशी इमारतों के ऊपर एयर डिफेंस मिसाइल का मलबा गिरने से हड़कंप मच गया। इस हादसे में दो भारतीयों सहित कुल चार लोग घायल हुए हैं।
दुबई के रिहायशी इलाके में गिरा मिसाइल का मलबा
जानकारी के अनुसार, दुबई के अल बदा (Al Bada) इलाके में आसमान में ही दुश्मन की मिसाइल को इंटरसेप्ट किया गया था। एयर डिफेंस सिस्टम ने मिसाइल को तो मार गिराया, लेकिन उसका जलता हुआ मलबा सीधे रिहायशी इमारतों पर जा गिरा। दुबई मीडिया ऑफिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर पुष्टि की है कि इस घटना में दो भारतीय, एक बांग्लादेशी और एक श्रीलंकाई नागरिक को चोटें आई हैं। हालांकि, राहत की बात यह है कि घायलों की स्थिति खतरे से बाहर है और उन्हें प्राथमिक उपचार दिया जा रहा है।
युद्ध की आग में अब तक 8 भारतीयों ने गंवाई जान
पश्चिम एशिया (West Asia) में जारी यह संघर्ष पिछले एक महीने से थमने का नाम नहीं ले रहा है। विदेश मंत्रालय की ओर से जारी आंकड़ों ने भारत की चिंता बढ़ा दी है। युद्ध प्रभावित क्षेत्रों में अलग-अलग घटनाओं के दौरान अब तक कुल 8 भारतीय नागरिकों की मौत हो चुकी है। अतिरिक्त सचिव (खाड़ी) असीम आर. महाजन ने बताया कि हाल ही में कुवैत में हुए एक हमले में भी एक भारतीय की जान गई है। सरकार मृतक के पार्थिव शरीर को भारत लाने के लिए स्थानीय अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क में है।
एक भारतीय अभी भी लापता, तलाश जारी
मंत्रालय ने यह भी साफ किया है कि इस तनावपूर्ण स्थिति के बीच एक भारतीय नागरिक अभी भी लापता है, जिसका कोई सुराग नहीं मिल पाया है। 20 मार्च तक यह आंकड़ा 6 मौतों का था, जो अब बढ़कर 8 हो गया है। सरकार ने प्रभावित क्षेत्रों में रह रहे भारतीयों के लिए एडवाइजरी जारी की है और लोगों से केवल आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करने की अपील की है। युद्ध के कारण मची इस तबाही ने खाड़ी देशों में काम कर रहे लाखों भारतीयों के परिवारों की धड़कनें बढ़ा दी हैं।