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April 14 2026 05:47 am

CBSE 10th Result 2026 : फेल होने से बचा लेंगे ये स्किल सब्जेक्ट, रिजल्ट से पहले छात्र जान लें बोर्ड का यह खास नियम

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News India Live, Digital Desk : सीबीएसई 10वीं की परीक्षाओं के समापन के बाद अब छात्रों और अभिभावकों की नजरें रिजल्ट पर टिकी हैं। इसी बीच सीबीएसई के 'स्किल सब्जेक्ट' (Skill Subjects) को लेकर एक बड़ी जानकारी सामने आई है, जो उन छात्रों के लिए संजीवनी साबित हो सकती है जिन्हें किसी मुख्य विषय में फेल होने का डर सता रहा है। बोर्ड के मौजूदा नियमों के मुताबिक, अगर कोई छात्र गणित, विज्ञान या सोशल साइंस जैसे मुख्य विषयों में पिछड़ जाता है, तो उसके द्वारा लिए गए स्किल विषय उसे साल खराब होने से बचा सकते हैं।

क्या है सीबीएसई का 'रिप्लेसमेंट' फॉर्मूला?

सीबीएसई के नियमानुसार, यदि कोई छात्र तीन मुख्य विषयों (Maths, Science, Social Science) में से किसी एक में पासिंग मार्क्स नहीं ला पाता है, लेकिन वह छठे विषय के रूप में लिए गए स्किल सब्जेक्ट में पास है, तो स्किल सब्जेक्ट के अंकों को मुख्य विषय से बदल दिया जाता है। इस स्थिति में छात्र का रिजल्ट 'पास' घोषित किया जाता है। यह नियम उन छात्रों के लिए बेहद फायदेमंद है जो थ्योरी वाले कठिन विषयों में संघर्ष करते हैं लेकिन वोकेशनल या स्किल विषयों में बेहतर प्रदर्शन करते हैं।

इन विषयों की बढ़ती लोकप्रियता

पिछले कुछ वर्षों में सीबीएसई ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी (IT), मार्केटिंग, और कोडिंग जैसे कई नए स्किल विषय शामिल किए हैं। छात्र अब इन विषयों को केवल एडिशनल सब्जेक्ट के रूप में नहीं, बल्कि करियर के विकल्प के रूप में भी देख रहे हैं। 2026 के परिणामों में यह उम्मीद जताई जा रही है कि स्किल विषयों की वजह से पास प्रतिशत में बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। स्कूलों को भी निर्देश दिया गया है कि वे छात्रों को इन विषयों के लाभ के बारे में विस्तार से बताएं।

रिजल्ट की तारीख और तैयारी

सीबीएसई 10वीं के परिणाम मई 2026 के मध्य तक घोषित होने की संभावना है। बोर्ड फिलहाल कॉपियों के मूल्यांकन और डेटा अपलोडिंग की प्रक्रिया में जुटा है। छात्रों को सलाह दी गई है कि वे आधिकारिक वेबसाइट पर नजर बनाए रखें और अपने रोल नंबर व एडमिट कार्ड संभाल कर रखें। जानकारों का कहना है कि स्किल सब्जेक्ट न केवल छात्रों को फेल होने से बचाते हैं, बल्कि उनके ओवरऑल परसेंटेज (Best of Five) को सुधारने में भी अहम भूमिका निभाते हैं।