Bihar Elections : बिहार महागठबंधन में कुर्सी पर टक्कर ,RJD ने झंडी गाड़ते हुए दी खुली चुनौती

Post

News India Live, Digital Desk: बिहार की राजनीति में गठबंधन और सीटों का बँटवारा हमेशा से एक टेढ़ा काम रहा है, और हाल ही में महागठबंधन में भी कुछ ऐसी ही मुश्किलें देखने को मिलीं. लोकसभा चुनावों के पहले या विधानसभा चुनावों के दौरान सीटों को लेकर जो खींचतान चलती है, वो बिहार में अक्सर बहुत मुखर हो जाती है.

खबर है कि राष्ट्रीय जनता दल (RJD) और महागठबंधन के अन्य दलों के बीच सीटों को लेकर अभी तक कोई खास सहमति नहीं बन पाई है. दरअसल, महागठबंधन में मुख्य तौर पर RJD, कांग्रेस और मुकेश सहनी की विकासशील इंसान पार्टी (VIP) जैसे दल शामिल हैं. सभी अपनी-अपनी हिस्सेदारी चाहते हैं, लेकिन RJD सबसे बड़े दल के रूप में अपनी बात ऊपर रख रहा है.

तेजस्वी यादव, जो RJD के बड़े नेता हैं, उन्होंने एक संकेत दिया कि अगर सीटों का बँटवारा नहीं हो पाता है और अगर कांग्रेस या मुकेश सहनी जैसे दल गठबंधन तोड़ देते हैं, तो RJD अकेले भी मैदान में उतरने को तैयार है और उस स्थिति में वह 138 सीटों पर चुनाव लड़ सकती है. हालांकि, साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि अगर गठबंधन रहता है तो RJD अपनी तरफ से समझौते के लिए तैयार है, लेकिन कांग्रेस को सिर्फ 58 सीटें और मुकेश सहनी की पार्टी को 10 सीटें मिल सकती हैं. वहीं, वाम दलों को 29 सीटें दिए जाने की बात भी चल रही है.

लेकिन, कांग्रेस इन 58 सीटों से बिल्कुल भी संतुष्ट नहीं है. उनका मानना है कि इतनी कम सीटें उन्हें मंजूर नहीं हैं, क्योंकि बिहार में उनकी अपनी भी एक राजनीतिक ज़मीन है. इसी तरह, मुकेश सहनी भी कम सीटों से नाखुश दिख रहे हैं. उनकी पार्टी चाहती है कि उन्हें और सम्मानजनक सीटें मिलें, ताकि वे अपने वोट बैंक के साथ चुनावी मैदान में उतर सकें.

इस खींचतान की वजह से महागठबंधन में थोड़ी खटास साफ दिख रही है. देखना होगा कि ये दल आखिरकार एक समझौते पर पहुँच पाते हैं या फिर सबकी राहें अलग हो जाती हैं. फिलहाल तो सबकी नज़रें इस बात पर टिकी हैं कि क्या सीटों के बँटवारे को लेकर चल रहा ये गतिरोध खत्म होगा, या फिर बिहार की चुनावी बिसात पर नए समीकरण बनेंगे.