ACV vs Green Tea : वजन घटाने की होड़ में कौन है असली फैट कटर'? जानें सेब का सिरका या ग्रीन टी
News India Live, Digital Desk : वेट लॉस (Weight Loss) की दुनिया में एप्पल साइडर विनेगर और ग्रीन टी, दोनों का ही दबदबा है। जहाँ फिटनेस फ्रीक्स सुबह की शुरुआत सिरके वाले पानी से करते हैं, वहीं ऑफिस जाने वाले लोग दिन भर ग्रीन टी के कप गिनते रहते हैं। लेकिन सवाल यह है कि विज्ञान की नजर में कौन सा पेय आपके शरीर की जिद्दी चर्बी को गलाने में ज्यादा सक्षम है? आइए जानते हैं इनका गहराई से विश्लेषण।
1. एप्पल साइडर विनेगर (ACV): मेटाबॉलिज्म का बूस्टर
सेब के सिरके में मुख्य रूप से एसिटिक एसिड होता है, जो वजन घटाने में मुख्य भूमिका निभाता है।
भूख पर नियंत्रण: ACV पीने से पेट ज्यादा समय तक भरा हुआ महसूस होता है, जिससे आप 'ओवरईटिंग' से बच जाते हैं।
शुगर कंट्रोल: यह इंसुलिन सेंसिटिविटी को सुधारता है और ब्लड शुगर को स्पाइक होने से रोकता है, जिससे शरीर में फैट जमा नहीं होता।
इस्तेमाल: इसे हमेशा पानी में घोलकर (1-2 चम्मच) ही पीना चाहिए।
2. ग्रीन टी: एंटीऑक्सीडेंट्स का खजाना
ग्रीन टी में कैटेचिन (Catechin) और विशेष रूप से EGCG नामक एंटीऑक्सीडेंट होता है।
थर्मोजेनेसिस: ग्रीन टी शरीर की गर्मी को बढ़ाती है, जिससे कैलोरी बर्न करने की प्रक्रिया तेज होती है।
फैट ऑक्सीडेशन: यह व्यायाम के दौरान और आराम करते समय भी फैट को जलाने में मदद करती है।
स्ट्रेस रिलीज: इसमें मौजूद 'एल-थीनिन' तनाव कम करता है, जो भावनात्मक रूप से ज्यादा खाने (Emotional Eating) की आदत को रोकता है।
तुलनात्मक चार्ट: आपके लिए क्या बेहतर है?
दोनों के बीच के अंतर को इस तालिका से समझें:
| विशेषता | एप्पल साइडर विनेगर (ACV) | ग्रीन टी (Green Tea) |
|---|---|---|
| मुख्य तत्व | एसिटिक एसिड | कैटेचिन और कैफीन |
| सबसे अच्छा समय | सुबह खाली पेट या भोजन से 20 मिनट पहले। | दिन में 2-3 बार (भोजन के एक घंटे बाद)। |
| मुख्य फायदा | भूख कम करना और पाचन सुधारना। | मेटाबॉलिज्म बढ़ाना और बॉडी डिटॉक्स। |
| स्वाद | तीखा और अम्लीय (खट्टा)। | हल्का कड़वा और हर्बल। |
सावधानी: कहीं फायदे की जगह नुकसान न हो जाए!
ACV के साथ रिस्क: सिरका बहुत एसिडिक होता है। इसे सीधा पीने से दांतों का इनेमल खराब हो सकता है और गले में जलन हो सकती है। इसे हमेशा 'डाइल्यूट' करके ही पिएं।
ग्रीन टी के साथ रिस्क: इसमें कैफीन होता है, इसलिए रात को इसे पीने से नींद उड़ सकती है। साथ ही, खाली पेट ज्यादा ग्रीन टी पीने से एसिडिटी भी हो सकती है।
क्या है अंतिम फैसला?
विशेषज्ञों का मानना है कि दोनों ही ड्रिंक्स अपनी जगह सही हैं। यदि आप भूख को नियंत्रित करना चाहते हैं और ब्लड शुगर की समस्या है, तो ACV बेहतर विकल्प हो सकता है। वहीं, अगर आप मेटाबॉलिज्म बढ़ाना और एंटीऑक्सीडेंट्स का लाभ लेना चाहते हैं, तो ग्रीन टी का चुनाव करें। बेहतर परिणामों के लिए आप संतुलित आहार के साथ दोनों का अलग-अलग समय पर उपयोग कर सकते हैं।