Aadhaar Card New Design: सावधान! बदलने वाला है आपका आधार कार्ड, अब गायब हो जाएगा नंबर और पता; जानें UIDAI का नया प्लान
नई दिल्ली। अगर आप अपने पास रखे आधार कार्ड को अपनी पहचान का सबसे बड़ा हथियार मानते हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है। भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) अब आधार कार्ड के मौजूदा स्वरूप को पूरी तरह बदलने की तैयारी में है। आने वाले समय में आपके आधार कार्ड का चेहरा मोहरा पूरी तरह बदला हुआ नजर आएगा। चर्चा है कि नए आधार कार्ड से आपकी संवेदनशील जानकारी जैसे आधार नंबर, जन्मतिथि और घर का पता हटा दिया जाएगा।
सिर्फ फोटो और QR कोड ही होगी पहचान
सूत्रों के मुताबिक, नए कलेवर वाले आधार कार्ड के सामने के हिस्से पर केवल कार्डधारक की तस्वीर और एक सुरक्षित QR कोड ही दिखाई देगा। यह कदम प्राइवेसी को और मजबूत करने के लिए उठाया जा रहा है। इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि यदि आप कहीं अपने आधार की फोटोकॉपी देते हैं, तो कोई भी जालसाज आपकी निजी जानकारी का गलत इस्तेमाल नहीं कर पाएगा।
क्यों पड़ी आधार के स्वरूप को बदलने की जरूरत?
दरअसल, पिछले कुछ समय में आधार के जरिए होने वाले फ्रॉड के मामलों में तेजी आई है। सिम कार्ड धोखाधड़ी, अवैध लोन और आधार-सक्षम भुगतान प्रणाली (AePS) के जरिए बैंक खातों से पैसे चोरी होने जैसी घटनाओं ने सरकार की चिंता बढ़ा दी है। इसी 'डिजिटल सेंधमारी' को रोकने के लिए UIDAI इस नए सुरक्षित डिजाइन पर विचार कर रहा है। हालांकि, इस पर अभी तक कोई आधिकारिक अंतिम मुहर नहीं लगी है, लेकिन विभाग के भीतर इसकी रूपरेखा तैयार की जा चुकी है।
कैसे होगा वेरिफिकेशन? QR कोड में छिपा होगा राज
अब आपके मन में सवाल होगा कि बिना नंबर और पते के वेरिफिकेशन कैसे होगा? नए डिजाइन में क्यूआर-आधारित सत्यापन (QR-based verification) को प्राथमिकता दी जाएगी। जब भी आपको किसी होटल, ऑफिस या सरकारी काम के लिए पहचान देनी होगी, तो वहां मौजूद अधिकृत स्कैनर आपके कार्ड के QR कोड को स्कैन करेगा। स्कैन करते ही आपकी एन्क्रिप्टेड जानकारी केवल संबंधित अधिकारी को दिखाई देगी, जिससे डेटा लीक होने का खतरा खत्म हो जाएगा।
नया आधार ऐप: सुरक्षा की एक और परत
हाल ही में केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद ने एक नया आधार ऐप लॉन्च किया है, जो इस पूरी कवायद का हिस्सा है। इस ऐप में 'चयनात्मक पहचान साझाकरण' (Selective Identity Sharing) जैसी सुविधाएं दी गई हैं।
फेस ऑथेंटिकेशन: चेहरे से ही पहचान की पुष्टि हो जाएगी।
बायोमेट्रिक लॉक: आप एक क्लिक में अपना फिंगरप्रिंट डेटा लॉक और अनलॉक कर सकेंगे।
ऑफलाइन सत्यापन: बिना इंटरनेट के भी QR कोड स्कैनिंग से पहचान पूरी हो सकेगी।
क्या बेकार हो जाएंगे पुराने आधार कार्ड?
UIDAI के संकेतों के अनुसार, पुराने कार्डधारकों को घबराने की जरूरत नहीं है। फिलहाल पुराने कार्ड मान्य रहेंगे, लेकिन नए नामांकन और अपडेट के लिए धीरे-धीरे नया डिजाइन पेश किया जा सकता है। प्राधिकरण का मुख्य उद्देश्य आधार को केवल एक 'पहचान के दस्तावेज' के बजाय 'सत्यापन के उपकरण' के रूप में स्थापित करना है।