जयपुर की पॉश कॉलोनी में चल रहा था ठगी का कॉर्पोरेट ऑफिस, पुलिस की रेड पड़ी तो उड़ गए सबके होश
News India Live, Digital Desk : गुलाबी नगरी जयपुर (Jaipur) अब सिर्फ पर्यटन के लिए नहीं, बल्कि एक चौंकाने वाली वजह से खबरों में है। क्या आप यकीन करेंगे कि आपके पड़ोस की एक बिल्डिंग में बैठकर कुछ लड़के-लड़कियां सात समंदर पार अमेरिका (USA) के लोगों की जेब खाली कर रहे थे? जी हाँ, सुनने में फिल्मी लगता है, लेकिन जयपुर पुलिस ने एक ऐसे ही गिरोह का पर्दाफाश किया है।
पुलिस कमिश्नरेट की टीम ने जब शहर के मानसरोवर (Mansarovar) इलाके की एक बिल्डिंग पर छापा मारा, तो वहां का नजारा देखकर वो भी हैरान रह गए। वहां कोई छोटा-मोटा फ्रॉड नहीं, बल्कि पूरा एक 'फर्जी कॉल सेंटर' (Fake Call Center) चल रहा था। एक साथ 60 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
ठगी का 'हॉलीवुड' स्टाइल प्लान
इन ठगों का काम करने का तरीका एकदम प्रोफेशनल था। ये खुद को अमेज़न (Amazon) या ऐप्पल (Apple) जैसी बड़ी कंपनियों का कस्टमर केयर अधिकारी बताते थे।
- मोडस ऑपरेंडी: ये अमेरिकियों को VOIP कॉल्स करते थे। एक स्क्रिप्ट रटी जाती थी— "आपका अमेज़न अकाउंट हैक हो गया है" या "आपके नाम से कोई पार्सल बुक हुआ है जिसमें ड्रग्स हैं।"
- डर के मारे विदेशी नागरिक घबरा जाते थे। बस, इसी डर का फायदा उठाकर ये ठग उनसे 'सेटलमेंट' के नाम पर डॉलर ऐंठ लेते थे। पैसे भी गिफ्ट कार्ड या क्रिप्टो कररेन्सी (Cryptocurrency) के जरिये लिए जाते थे ताकि पकड़े न जाएं।
रातों-रात अमीर बनने की चाहत
हैरान करने वाली बात यह है कि गिरफ्तार किए गए लोगों में ज़्यादातर पढ़े-लिखे युवा हैं। अच्छी अंग्रेजी बोलने और अमेरिकी लहज़े (US Accent) की ट्रेनिंग लेकर ये युवा जुर्म की दुनिया में कदम रख रहे थे। शायद उन्हें अंदाजा भी नहीं था कि एक दिन पुलिस का डंडा चलेगा और करियर खत्म हो जाएगा। पुलिस ने मौके से भारी मात्रा में कंप्यूटर, लैपटॉप और हेडफोन बरामद किए हैं।
युवाओं और पैरेंट्स के लिए सबक
यह घटना एक चेतावनी है। अक्सर जयपुर जैसे शहरों में "कॉल सेंटर की जॉब" और "नाइट शिफ्ट के लिए अच्छी सैलरी" के नाम पर ऐसे गिरोह युवाओं को फंसाते हैं। अगर कोई आपको बिना किसी खास स्किल के 30-40 हज़ार की नौकरी दे रहा है और काम सिर्फ "विदेशी लोगों से बात करना" है, तो सतर्क हो जाएं। कहीं आप भी अनजाने में किसी इंटरनेशनल स्कैम का हिस्सा तो नहीं बन रहे?
जयपुर पुलिस की इस बड़ी कार्रवाई (Jaipur Police Raid) ने साइबर ठगों की कमर तोड़ दी है। लेकिन सवाल यह है कि क्या लालच का यह खेल कभी बंद होगा?