भारत के लिए खतरे की घंटी: पाकिस्तान एक पुराने आतंकी संगठन को फिर क्यों ज़िंदा कर रहा है?

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 हम सब अपनी ज़िंदगी में आगे बढ़ जाते हैं, पर कुछ पुराने दुश्मन और खतरे कभी पूरी तरह खत्म नहीं होते। ऐसा ही एक खतरा अब फिर से सिर उठा रहा है, और इसके पीछे हमारे पड़ोसी देश पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई (ISI) का हाथ बताया जा रहा है।

क्या है ये हूजी (HuJI) जिसका नाम अचानक सामने आया?

आपने शायद हरकत-उल-जिहाद-अल-इस्लामी, यानी हूजी (HuJI) का नाम सुना हो। यह वही आतंकी संगठन है जिसने एक समय में भारत के कई शहरों, जैसे जयपुर और अहमदाबाद में बम धमाके करके बेगुनाहों की जान ली थी। भारत की सुरक्षा एजेंसियों ने कड़ी मेहनत के बाद इस संगठन की कमर तोड़ दी थी और पिछले कई सालों से इसका कोई खास नामोनिशान नहीं था। ये एक तरह से ख़त्म मान लिया गया था।

लेकिन अब खुफिया रिपोर्टें कुछ और ही कहानी बयां कर रही हैं। खबर है कि पाकिस्तान की आईएसआई (ISI) इस मरे हुए संगठन में फिर से जान फूंकने की कोशिश कर रही है। इसे एक तरह से दोबारा खड़ा किया जा रहा है ताकि भारत में फिर से अस्थिरता फैलाई जा सके और आतंकी हमले करवाए जा सकें।

कैसे और कहाँ से रची जा रही है साज़िश?

रिपोर्ट्स के मुताबिक, ये पूरी साज़िश पाकिस्तान के कराची शहर से चल रही है। वहां बैठा आमिर रजा खान नाम का एक शख्स इसका नया मुखिया बना है। आईएसआई (ISI) न सिर्फ इसे पैसा और हथियार दे रही है, बल्कि नए लड़ाके भर्ती करने में भी मदद कर रही है।

चिंता की बात यह है कि ये लोग भर्ती के लिए बांग्लादेश के कट्टरपंथी गुट जमात-ए-इस्लामी का इस्तेमाल कर रहे हैं। साथ ही, परेशान और भटके हुए रोहिंग्या युवाओं को भी बरगलाकर अपने साथ जोड़ने की फिराक में हैं। इनका मुख्य निशाना भारत के पश्चिम बंगाल, असम और बिहार जैसे राज्य हैं, ताकि यहाँ अशांति फैलाई जा सके।

जाहिर है, भारत की खुफिया एजेंसियां इस पूरी हरकत पर अपनी पैनी नज़र बनाए हुए हैं और पूरी तरह से अलर्ट पर हैं। लेकिन यह घटना एक बार फिर दिखाती है कि हमारा पड़ोसी देश अपनी पुरानी गंदी चालों से बाज़ नहीं आ रहा है। यह हम सब के लिए एक चेतावनी है कि हमें हमेशा सावधान और एकजुट रहने की ज़रूरत है, क्योंकि दुश्मन मौके की तलाश में ही रहता है।