UP Solar Pump Yojana: किसानों की सबसे बड़ी टेंशन खत्म! अब ट्रॉली पर रखकर खेत-खेत घूमेगा सोलर पंप, सरकार दे रही 90% तक बंपर सब्सिडी
उत्तर प्रदेश के किसानों के लिए योगी सरकार एक बेहद शानदार और मुनाफे वाली योजना लेकर आई है। अक्सर किसानों को सिंचाई के लिए सबसे ज्यादा माथापच्ची तब करनी पड़ती है, जब उनके खेत अलग-अलग जगहों पर बंटे हों। भारी-भरकम पंपिंग सेट को एक जगह से दूसरी जगह ले जाना और महंगे डीजल या बिजली का खर्च उठाना किसानों की कमर तोड़ देता है। लेकिन अब यूपी सरकार की 'ट्रॉली माउंटेड सोलर पंप योजना' ने इस बड़ी परेशानी का पक्का इलाज निकाल लिया है। इस योजना के तहत अब किसान अपना सोलर पंप एक ट्रॉली पर फिट करके आसानी से किसी भी खेत में ले जा सकेंगे और वह भी बेहद कम लागत में।
क्या है ट्रॉली माउंटेड सोलर पंप योजना की सबसे बड़ी खासियत?
इस सरकारी योजना का सबसे बड़ा फायदा इसकी पोर्टेबिलिटी यानी इसे कहीं भी ले जाने की सुविधा है। जिन किसानों की जोत छोटी है या जिनके खेत अलग-अलग दिशाओं में हैं, उनके लिए यह योजना किसी वरदान से कम नहीं है। अब आपको हर खेत के लिए अलग से बोरवेल या पंप की जरूरत नहीं पड़ेगी। आप एक ही ट्रॉली माउंटेड सोलर पंप को ट्रैक्टर या किसी वाहन के पीछे जोड़कर अपने अलग-अलग खेतों तक ले जा सकते हैं। सबसे अच्छी बात यह है कि यह पूरी तरह सौर ऊर्जा से चलेगा, यानी न महंगे डीजल का झंझट और न ही बिजली कटने की टेंशन। फिलहाल लघु सिंचाई विभाग ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए मीरजापुर जिले में ऐसे 23 ट्रॉली माउंटेड पंप बांटने का लक्ष्य रखा है, जिनका इस्तेमाल चेकडैम और तालाबों से सिंचाई के लिए किया जाएगा।
लागत और सब्सिडी: किसानों को अपनी जेब से खर्च करने होंगे बस इतने रुपये
लघु सिंचाई विभाग के मुताबिक, इस योजना में 2 हॉर्स पावर (HP) क्षमता वाला सोलर पंप दिया जाएगा। अगर बाजार भाव की बात करें तो इस सोलर पंप की कीमत लगभग 1,44,526 रुपये है, जबकि इसे पोर्टेबल बनाने के लिए लगने वाली ट्रॉली का खर्च करीब 75,000 रुपये आता है। इस तरह पूरे सिस्टम की कुल लागत 2,19,526 रुपये बैठती है। लेकिन घबराइए नहीं, सरकार इस पर छप्परफाड़ सब्सिडी दे रही है। योजना के तहत सोलर पंप पर 60 फीसदी और ट्रॉली पर सीधे 90 फीसदी की भारी-भरकम छूट दी जा रही है। अनुदान कटने के बाद किसानों को 'कृषक अंश' के रूप में मात्र 76,000 रुपये का ही भुगतान करना होगा।
'पहले आओ, पहले पाओ' के आधार पर होगा आवंटन, तुरंत करें आवेदन
अगर आप भी इस कमाल की योजना का लाभ उठाकर अपनी खेती को स्मार्ट बनाना चाहते हैं, तो आपको इसके लिए ऑनलाइन आवेदन करना होगा। विभाग ने साफ कर दिया है कि इन ट्रॉली माउंटेड सोलर पंपों का आवंटन पूरी तरह से 'पहले आओ, पहले पाओ' के तर्ज पर किया जाएगा। यानी जो किसान पहले रजिस्ट्रेशन करेंगे, उन्हें ही प्राथमिकता मिलेगी। आवेदन मंजूर होने के बाद किसान को अपने हिस्से के 76 हजार रुपये का बैंक ड्राफ्ट लघु सिंचाई विभाग में जमा करना होगा। योजना से जुड़ी किसी भी तरह की मदद या जानकारी के लिए किसान अपने जिले के विकास भवन स्थित लघु सिंचाई विभाग कार्यालय में जाकर संपर्क कर सकते हैं।