Transport Department Rules : ई-रिक्शा चलाने का सोच रहे हैं, जानिए बाइक या ऑटो के लाइसेंस से काम चलेगा या बनवाना पड़ेगा नया

Post

Newsindia live,Digital Desk: Transport Department Rules : शहर की गलियों से लेकर गांव की सड़कों तक, ई-रिक्शा आज हमारी जिंदगी का एक अहम हिस्सा बन गया है। यह न सिर्फ पर्यावरण के लिए बेहतर है, बल्कि कई लोगों के लिए रोजगार का एक बड़ा जरिया भी है। लेकिन इसे चलाने को लेकर लोगों के मन में अक्सर एक सवाल रहता है - क्या ई-रिक्शा चलाने के लिए कोई खास लाइसेंस चाहिए? या फिर बाइक, ऑटो या कार का लाइसेंस होने पर भी इसे चलाया जा सकता है?

अगर आपके मन में भी ऐसे ही सवाल हैं, तो यह जानकारी आपके लिए बहुत काम की है। आइए जानते हैं ई-रिक्शा चलाने के नियमों के बारे में सबकुछ।

क्या बाइक, ऑटो या कार के लाइसेंस से ई-रिक्शा चला सकते हैं?

इस सवाल का सीधा और साफ जवाब है - नहीं।जिस तरह कार चलाने के लिए कार का और बाइक चलाने के लिए बाइक का लाइसेंस जरूरी है, ठीक उसी तरह ई-रिक्शा चलाने के लिए भी एक अलग ड्राइविंग लाइसेंस की जरूरत होती है।[1][2] इसे बिना वैध लाइसेंस के चलाना गैर-कानूनी है और ऐसा करने पर ट्रैफिक पुलिस 1,000 से लेकर 5,000 रुपये तक का जुर्माना लगा सकती है, साथ ही आपका ई-रिक्शा जब्त भी किया जा सकता है।

पुराने लाइसेंस में जुड़वा सकते हैं कैटेगरी

हालांकि, इसमें एक राहत की बात यह है कि अगर आपके पास पहले से कार (LMV) या ऑटो का लाइसेंस है, तो आपको बिल्कुल नई प्रक्रिया से नहीं गुजरना होगा। आप अपने मौजूदा लाइसेंस में ही ई-रिक्शा चलाने की कैटेगरी को आसानी से जुड़वा सकते हैं।

क्यों जरूरी है अलग लाइसेंस?

सरकार ने ई-रिक्शा को एक अलग कैटेगरी का वाहन माना है। मोटर व्हीकल एक्ट में हुए बदलावों के तहत, इसे चलाने के लिए एक स्पेशल लाइसेंस जारी किया जाता है।[2] इसका मकसद यह सुनिश्चित करना है कि जो व्यक्ति इसे चला रहा है, उसे इसकी बनावट, गति और नियमों की सही जानकारी हो।

कैसे बनवाएं ई-रिक्शा का ड्राइविंग लाइसेंस?

ई-रिक्शा का लाइसेंस बनवाने की प्रक्रिया भी दूसरे वाहनों की तरह ही है:

लर्निंग लाइसेंस के लिए आवेदन: सबसे पहले आपको अपने नजदीकी RTO (क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय) में जाकर या परिवहन विभाग की वेबसाइट पर ऑनलाइन लर्निंग लाइसेंस के लिए आवेदन करना होगा।

दस्तावेज अपलोड करें: आवेदन फॉर्म के साथ मांगे गए जरूरी दस्तावेज, जैसे- आधार कार्ड, पते का प्रमाण पत्र, और फोटो अपलोड करने होते हैं।

लर्निंग लाइसेंस टेस्ट: इसके बाद आपको एक ऑनलाइन टेस्ट देना होगा। इस टेस्ट में ट्रैफिक नियमों और संकेतों से जुड़े सवाल पूछे जाते हैं।

परमानेंट लाइसेंस: लर्निंग लाइसेंस मिलने के एक महीने बाद आप परमानेंट लाइसेंस के लिए आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए आपको RTO में ड्राइविंग टेस्ट पास करना होता है।[1][2]

याद रखने वाली जरूरी बातें

उम्र: ई-रिक्शा चलाने के लिए चालक की उम्र कम से कम 18 साल होनी चाहिए।

फिटनेस सर्टिफिकेट: ड्राइविंग लाइसेंस के अलावा, हर दो साल में ई-रिक्शा का फिटनेस सर्टिफिकेट भी बनवाना अनिवार्य है।

सवारी सीमा: एक ई-रिक्शा में ड्राइवर के अलावा अधिकतम 4 यात्री ही बैठ सकते हैं।

स्पीड लिमिट: ई-रिक्शा की अधिकतम स्पीड 25 किलोमीटर प्रति घंटा तय की गई है।

इसलिए, अगर आप ई-रिक्शा चलाकर कमाई करना चाहते हैं या खरीद चुके हैं, तो सबसे पहले इसका रजिस्ट्रेशन कराएं और वैध ड्राइविंग लाइसेंस जरूर बनवा लें। यह न केवल आपको जुर्माने से बचाएगा, बल्कि आपकी और आपकी सवारियों की सुरक्षा के लिए भी बेहद जरूरी है।