Tata-Bilaspur Express Cancelled : Tata से चलने वाली ये 2 ट्रेनें 28 दिनों के लिए रद्द, स्टेशन जाने से पहले देख लें लिस्ट
News India Live, Digital Desk: अगर आपने आने वाले दिनों में टाटानगर (Tatanagar) से बिलासपुर या हटिया जाने का प्रोग्राम बनाया है, तो यह खबर आपको थोड़ा निराश कर सकती है। रेलवे ने अचानक एक बड़ा फैसला लेते हुए इस रूट की दो महत्वपूर्ण ट्रेनों को पटरियों से उतार दिया है, वो भी एक-दो दिन के लिए नहीं, बल्कि पूरे 28 दिनों के लिए।
दक्षिण पूर्व रेलवे (SER) की तरफ से जारी सूचना ने यात्रियों, खासकर डेली पाससेंजर्स की चिंता बढ़ा दी है। चलिए आपको बताते हैं कि आखिर कौन सी ट्रेनें रद्द हुई हैं और इसके पीछे की वजह क्या है।
कौन सी ट्रेनें हुई हैं कैंसिल?
रेलवे ने टाटा-बिलासपुर (Tata-Bilaspur) और टाटा-हटिया (Tata-Hatia) एक्सप्रेस को रद्द करने का फरमान सुनाया है।
- टाटा-बिलासपुर एक्सप्रेस: (गाड़ी संख्या 18113 और 18114)
- टाटा-हटिया एक्सप्रेस: (गाड़ी संख्या 18601 और 18602)
क्यों लिया गया यह फैसला?
दरअसल, रेलवे में तकनीकी कारणों से अक्सर ब्लॉक लिए जाते हैं। इस बार वजह बताई जा रही है 'लिंक रैक' (Link Rake) की समस्या और रैक का मेंटेनेंस। आसान भाषा में समझें तो टाटा-बिलासपुर ट्रेन का ही रैक (डिब्बे) टाटा-हटिया बनकर चलता है। अब क्योंकि दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे (SECR) में इंफ्रास्ट्रक्चर का काम चल रहा है, इसलिए बिलासपुर वाली ट्रेन रद्द हुई और उसका सीधा असर हटिया एक्सप्रेस पर भी पड़ गया। एक गाड़ी रुकी, तो दूसरी अपने आप रुक गई।
कब तक रहेगी परेशानी? (Train Cancellation Dates)
अगर तारीखों पर गौर करें, तो यह समस्या 11 दिसंबर 2025 से शुरू होकर 7 जनवरी 2026 तक रहने वाली है।
- टाटा-बिलासपुर एक्सप्रेस (18113) 11 दिसंबर से 7 जनवरी तक रद्द रहेगी।
- वापसी में बिलासपुर-टाटा (18114) 12 दिसंबर से 8 जनवरी तक नहीं चलेगी।
- इसी तरह टाटा-हटिया (18601/02) भी इन्ही तारीखों के बीच बंद रहेगी।
यात्रियों के पास अब क्या रास्ता है?
नए साल (New Year) के मौके पर और सर्दियों की छुट्टियों में ट्रेनों का बंद होना किसी झटके से कम नहीं है। अब यात्रियों को हावड़ा-मुंबई रूट की दूसरी गाड़ियों या बस सेवा का सहारा लेना पड़ेगा। हमारी सलाह यही है कि घर से निकलने से पहले NTES ऐप या Helpline 139 पर अपनी ट्रेन का स्टेटस जरूर चेक कर लें, ताकि आपको स्टेशन जाकर मायूस न होना पड़े।