गॉल टेस्ट के पहले ही दिन हुआ हाई-वोल्टेज ड्रामा, श्रीलंकाई गेंदबाज से जोरदार टक्कर के बाद यशस्वी जायसवाल के रनआउट पर मचा बवाल
भारत और श्रीलंका के बीच गॉल इंटरनेशनल स्टेडियम में खेले जा रहे रोमांचक पहले टेस्ट मुकाबले के पहले ही दिन मैदान पर ऐसा हाई-वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला जिसने खेल प्रेमियों और क्रिकेट विशेषज्ञों को हैरान कर दिया है। मैच के शुरुआती सत्र के दौरान भारतीय पारी के समय श्रीलंकाई गेंदबाज के साथ युवा ओपनर यशस्वी जायसवाल की बीच पिच पर खतरनाक टक्कर हो गई, जिसके बाद पैदा हुई गफलत में यशस्वी जायसवाल को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण तरीके से रनआउट होकर पवेलियन लौटना पड़ा। इस रनआउट के बाद सोशल मीडिया से लेकर कमेंट्री बॉक्स तक जमकर बवाल मच गया और अंपायरिंग के फैसले तथा खेल भावना को लेकर लंबी बहस छिड़ गई। इस अप्रिय और नाटकीय घटना के बावजूद भारतीय टीम ने खेल पर अपनी पकड़ मजबूत बनाए रखी। आइए जानते हैं गॉल टेस्ट के पहले दिन घटी इस सनसनीखेज घटना और मैच के पूरे घटनाक्रम की विस्तृत कहानी।
मैच के शुरुआती सत्र में शानदार शुरुआत और भारतीय बल्लेबाजी का दबंग अंदाज
गॉल टेस्ट के इस ऐतिहासिक मुकाबले में भारतीय कप्तान ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया, जो शुरुआती पलों में काफी हद तक सही साबित होता नजर आया। श्रीलंकाई परिस्थितियों और स्पिन की अनुकूल पिचों पर भारतीय ओपनर्स ने बेहद सूझबूझ और आक्रामक अंदाज में पारी की शुरुआत की। यशस्वी जायसवाल हमेशा की तरह अपनी स्वाभाविक आक्रामक शैली में रन बटोर रहे थे और उन्होंने कुछ बेहतरीन चौके लगाकर श्रीलंकाई गेंदबाजों को दबाव में ला दिया था। केएल राहुल ने भी उनका बखूबी साथ दिया और दोनों बल्लेबाजों ने शुरुआती ओवरों में विकेट बचाते हुए स्कोर बोर्ड को तेजी से आगे बढ़ाया। ऐसा लग रहा था कि भारत का यह ओपनिंग कॉम्बिनेशन पहले दिन एक बड़ा और मजबूत स्कोर खड़ा करने में पूरी तरह कामयाब हो जाएगा, लेकिन तभी किस्मत को कुछ और ही मंजूर था और मैदान पर एक ऐसा नाटकीय मोड़ आया जिसने पूरे मैच का रुख ही बदल दिया।
यशस्वी जायसवाल और श्रीलंकाई गेंदबाज के बीच हुई खतरनाक टक्कर
यह विवादित और नाटकीय घटना भारतीय पारी के दौरान उस वक्त घटी जब यशस्वी जायसवाल स्ट्राइक पर थे और उन्होंने एक शॉट खेलने के बाद तेजी से रन चुराने का प्रयास किया। रन दौड़ते समय पिच के बीचों-बीच अचानक श्रीलंकाई गेंदबाज अपनी फॉलो-थ्रू के दौरान रास्ते में आ गए, जिससे यशस्वी जायसवाल की गेंदबाज के साथ जोरदार टक्कर हो गई। इस टक्कर के कारण यशस्वी अपना संतुलन खो बैठे और कुछ पलों के लिए भ्रमित हो गए कि उन्हें किस तरफ दौड़ना चाहिए। इस बीच श्रीलंकाई फील्डर्स ने तेजी से गेंद को उठाकर विकेटकीपर की तरफ फेंका और गिल्लियां बिखेर दीं। यशस्वी जायसवाल जब तक अपनी क्रीज तक पहुंचते, तब तक उन्हें रनआउट करार दिया जा चुका था। यशस्वी ने 37 गेंदों पर 32 रनों की बेहद शानदार और तेजतर्रार पारी खेली थी, जिसमें 5 शानदार चौके शामिल थे, लेकिन इस अनचाहे हादसे ने उनकी पारी का अंत बहुत जल्दी कर दिया।
रनआउट के फैसले पर मचा भारी बवाल और क्रिकेट जगत में तीखी प्रतिक्रियाएं
यशस्वी जायसवाल के इस तरह अचानक रनआउट होने के बाद मैदान पर और सोशल मीडिया पर बवाल मच गया। क्रिकेट फैंस और जानकारों का एक धड़ा यह मान रहा था कि चूंकि टक्कर श्रीलंकाई गेंदबाज की गलती के कारण हुई थी, इसलिए यह रनआउट खेल भावना के विपरीत था और अंपायर को इसे 'डेड बॉल' घोषित करना चाहिए था। वहीं दूसरी तरफ मैदानी अंपायरों का यह स्पष्ट तर्क था कि नियमों के मुताबिक गेंद लाइव थी और फील्डिंग टीम ने नियमानुसार रनआउट की प्रक्रिया पूरी की थी, इसलिए फैसला जायसवाल के खिलाफ गया। इस रनआउट के बाद भारतीय खेमे में भी कुछ पलों के लिए मायूसी छा गई थी, लेकिन कप्तान और कोच ने खिलाड़ियों को समझाकर तुरंत खेल पर ध्यान केंद्रित करने को कहा। इस घटना ने एक बार फिर क्रिकेट के मैदान पर रनिंग बिटवीन द विकेट्स और खिलाड़ियों की सुरक्षा तथा बाधा से जुड़े नियमों पर बड़ी बहस छेड़ दी है।
झटके के बाद केएल राहुल और देवदत्त पदीक्कल ने संभाली भारतीय पारी
इस अप्रत्याशित झटके और गर्मागर्म माहौल के बाद भी भारतीय टीम ने अपना मानसिक संतुलन नहीं खोया और पारी को बेहद जिम्मेदारी से आगे बढ़ाया। यशस्वी के आउट होने के बाद क्रीज पर आए युवा बल्लेबाज देवदत्त पदीक्कल ने उप-कप्तान केएल राहुल के साथ मिलकर मोर्चा संभाला। दोनों बल्लेबाजों ने श्रीलंकाई स्पिनरों प्रभाथ जयसूर्या और अन्य गेंदबाजों के खिलाफ बेहतरीन तकनीक का प्रदर्शन करते हुए संभलकर खेलना शुरू किया। केएल राहुल अपनी सधी हुई बल्लेबाजी का परिचय देते हुए टिककर खेल रहे थे, वहीं देवदत्त पदीक्कल ने भी उनका पूरा साथ दिया। लंच ब्रेक तक भारत ने 1 विकेट के नुकसान पर 101 रन बना लिए थे और दोनों बल्लेबाजों के बीच एक मजबूत अर्धशतकीय साझेदारी पनप चुकी थी। पहले दिन के खेल में इस ड्रामे के बाद भारतीय टीम अब मैच पर पूरी तरह अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश में जुटी हुई है।