Punjab Cabinet Meeting : बजट 2026-27 को मिली मंजूरी, मुफ्त बिजली जारी रहेगी और महिलाओं को मिल सकता है 1000 का तोहफा
News India Live, Digital Desk: मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में हुई इस बैठक में सबसे महत्वपूर्ण फैसला बजट अनुमान 2026-27 को मंजूरी देना रहा। वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा 8 मार्च (रविवार) को विधानसभा में पंजाब का बजट पेश करेंगे। सरकार ने स्पष्ट किया है कि जनहित की योजनाएं बिना किसी कटौती के जारी रहेंगी।
कैबिनेट मीटिंग के 5 मुख्य फैसले
बजट अनुमानों को मंजूरी: कैबिनेट ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए बजट अनुमानों और 2025-26 के लिए पूरक मांगों (Supplementary Demands) को सदन में पेश करने की अनुमति दे दी है।
कैग (CAG) रिपोर्ट: बैठक में भारत के नियंत्रक और महालेखा परीक्षक (CAG) की ऑडिट रिपोर्ट और पंजाब सरकार के वित्त एवं विनियोग खातों (2024-25) को विधानसभा के पटल पर रखने को हरी झंडी दी गई।
बिजली दरों में राहत: कैबिनेट ने घरेलू और व्यावसायिक उपभोक्ताओं के लिए बिजली दरों में कटौती के प्रस्ताव पर चर्चा की। रिपोर्ट के अनुसार, 90% से अधिक घरों को 300 यूनिट मुफ्त बिजली मिलती रहेगी, जबकि उससे ऊपर की खपत पर टैरिफ में राहत दी गई है।
महिला सम्मान निधि: बजट में पंजाब की महिलाओं के लिए 1,000 रुपये प्रति माह की वित्तीय सहायता योजना (चुनावी वादा) की घोषणा होने की प्रबल संभावना है, जिसे कैबिनेट ब्रीफिंग में सकारात्मक संकेत मिले हैं।
वकील और प्रोफेशनल्स को राहत: कोर्ट परिसरों में स्थित वकीलों के चैंबरों के बिजली कनेक्शन अब कमर्शियल के बजाय घरेलू टैरिफ (Domestic Tariff) के तहत चार्ज किए जाएंगे, जिससे उन्हें काफी वित्तीय राहत मिलेगी।
बजट 2026-27 की संभावित झलक
| क्षेत्र | फोकस और संभावित आवंटन |
|---|---|
| शिक्षा | फिनलैंड ट्रेनिंग प्रोग्राम का विस्तार और 'स्कूल ऑफ एमिनेंस' के लिए नया फंड। |
| स्वास्थ्य | 'आम आदमी क्लीनिक' की संख्या बढ़ाने और मुफ्त दवाइयों के लिए बजट में वृद्धि। |
| कृषि | किसानों को दिन के समय बिजली आपूर्ति और फसलों के मुआवजे के लिए विशेष प्रावधान। |
| रोजगार | बिना रिश्वत सरकारी नौकरियों की भर्ती प्रक्रिया को तेज करने का लक्ष्य। |
'वन टाइम सेटलमेंट' (OTS) का विस्तार
कैबिनेट ने औद्योगिक और कमर्शियल प्लॉट्स के आवंटियों के लिए वन टाइम सेटलमेंट स्कीम की वैधता को 31 दिसंबर 2025 से बढ़ाकर 30 अगस्त 2026 तक करने का निर्णय लिया है। इससे उन व्यापारियों और उद्यमियों को लाभ होगा जो तकनीकी या वित्तीय कारणों से अपने बकाया का निपटान नहीं कर पाए थे।
सुरक्षा और कानून व्यवस्था
नक्सलवाद और गैंगस्टर कल्चर के खिलाफ 'जीरो टॉलरेंस' नीति अपनाते हुए कैबिनेट ने गैंगस्टरों की सूचना देने वालों के लिए 10 लाख रुपये तक के इनाम की नीति को भी संस्थागत बनाने पर सहमति जताई है।