PAN Card 2026: केवल एक दस्तावेज नहीं, आपकी 'डिजिटल तिजोरी' की चाबी है पैन कार्ड; जानें इसके 5 बड़े फायदे
नई दिल्ली। आज के दौर में पैन कार्ड (Permanent Account Number) केवल टैक्स भरने के लिए इस्तेमाल होने वाला कागज का टुकड़ा नहीं रह गया है। 2026 की नई वित्तीय नियमावली के अनुसार, यह आपकी 'डिजिटल और वित्तीय पहचान' (Financial Identity) का आधार बन चुका है। इनकम टैक्स विभाग और आरबीआई ने स्पष्ट कर दिया है कि बिना सक्रिय पैन कार्ड के, आपकी आर्थिक गतिविधियाँ पूरी तरह ठप हो सकती हैं। आइए जानते हैं कि क्यों एक सक्रिय और आधार-लिंक्ड पैन कार्ड आपके लिए इतना जरूरी है।
1. लोन फ्रॉड से सुरक्षा और बेहतर सिबिल (CIBIL) स्कोर
पैन कार्ड आपकी वित्तीय साख का आईना है। अनुभवी विशेषज्ञों के अनुसार, इसकी मदद से आप अपनी क्रेडिट प्रोफाइल को सुरक्षित रख सकते हैं:
अनजान लोन पर नजर: आप समय-समय पर अपने पैन के जरिए 'क्रेडिट रिपोर्ट' चेक कर सकते हैं। इससे यह पता चलता है कि आपके नाम पर किसी ने फर्जी तरीके से लोन तो नहीं ले रखा है। डिजिटल युग में 'पैन फ्रॉड' से बचने का यह सबसे सरल तरीका है।
क्रेडिट हिस्ट्री: बैंक से लोन या क्रेडिट कार्ड लेना तभी संभव है जब आपकी क्रेडिट हिस्ट्री मजबूत हो। पैन कार्ड के बिना बैंक आपकी भुगतान क्षमता को ट्रैक नहीं कर पाते, जिससे लोन मिलना नामुमकिन हो जाता है।
2. बैंकिंग और बड़े लेनदेन के लिए 'प्रवेश द्वार'
वित्तीय पारदर्शिता बनाए रखने के लिए सरकार ने कई सेवाओं के लिए पैन को 'अनिवार्य' (Mandatory) कर दिया है:
नया खाता: किसी भी बैंक में सेविंग, करंट या डीमैट अकाउंट खोलने के लिए पैन कार्ड सबसे पहला और जरूरी दस्तावेज है।
नकदी का लेनदेन: यदि आप बैंक में एक दिन में ₹50,000 से अधिक की नकदी जमा करते हैं या निकालते हैं, तो बिना पैन के यह ट्रांजैक्शन पूरा नहीं होगा।
संपत्ति का रजिस्ट्रेशन: ₹5 लाख से अधिक की जमीन या घर खरीदने-बेचने पर पैन विवरण देना अनिवार्य है। ऐसा न करने पर आप आयकर विभाग की रडार पर आ सकते हैं।
3. TDS क्लेम और टैक्स की भारी बचत
अगर आप बचत करते हैं, तो पैन कार्ड आपके पैसे कटने से बचाता है:
कम टैक्स दर: बैंक एफडी (FD) या अन्य निवेश पर मिलने वाले ब्याज पर यदि पैन कार्ड जमा है, तो टीडीएस (TDS) कम कटता है। पैन न होने की स्थिति में बैंक 20% तक की ऊंची दर से टैक्स काट सकते हैं।
इनकम टैक्स रिफंड: यदि आपका अधिक टैक्स कट गया है, तो उसे वापस पाने (Refund) का एकमात्र रास्ता ITR फाइल करना है, जो बिना पैन के असंभव है।
4. पैन-आधार लिंकिंग और 'निष्क्रिय' कार्ड का खतरा
सरकार ने 2026 के लिए सख्त निर्देश जारी किए हैं। जिन लोगों ने अपने पैन को आधार से लिंक नहीं किया है, उनके कार्ड ‘निष्क्रिय’ (Inoperative) घोषित कर दिए गए हैं।
भारी जुर्माना: निष्क्रिय पैन कार्ड का उपयोग करना अब कानूनन अपराध की श्रेणी में आता है, जिसमें ₹10,000 तक का जुर्माना लग सकता है।
अधूरे काम: निष्क्रिय कार्ड होने पर आप न तो म्यूचुअल फंड में निवेश कर पाएंगे और न ही अपना फंसा हुआ टैक्स रिफंड वापस पा सकेंगे।