अब दिल्ली जाने का झंझट खत्म! यूपी से हरियाणा का सफर होगा सुपरफास्ट, नोएडा एयरपोर्ट को सीधे फरीदाबाद-गुरुग्राम से जोड़ेगा यह नया एक्सप्रेसवे
अगर आप भी यूपी से हरियाणा जाने के लिए दिल्ली के भारी-भरकम जाम में फंसकर परेशान हो चुके हैं, तो आपके लिए एक बहुत बड़ी खुशखबरी है. रोजगार, पर्यटन और शहरों की आपसी कनेक्टिविटी को एक नई उड़ान देने के लिए एक ऐसे ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे का निर्माण तेजी से किया जा रहा है, जो एनसीआर की पूरी तस्वीर बदलकर रख देगा. यह एक्सप्रेसवे नवनिर्मित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को सीधे हरियाणा के फरीदाबाद, पलवल और गुरुग्राम जैसे बड़े शहरों से जोड़ देगा.
एयरपोर्ट के साथ कनेक्टिविटी का तोहफा
उत्तर प्रदेश का बहुप्रतीक्षित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट लगभग बनकर तैयार है और माना जा रहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 30 अक्टूबर को इसका उद्घाटन कर सकते हैं. इस वर्ल्ड-क्लास एयरपोर्ट को बेहतरीन कनेक्टिविटी देने के लिए, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) 6-लेन के ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे पर दिन-रात काम कर रहा है.
हालांकि, मॉनसून और यमुना नदी में आई बाढ़ के कारण कुछ समय के लिए इस प्रोजेक्ट की रफ्तार धीमी पड़ गई थी, लेकिन अब काम ने फिर से रॉकेट की गति पकड़ ली है.
जानिए इस एक्सप्रेसवे की बड़ी बातें
यह एक्सप्रेसवे सिर्फ एक सड़क नहीं, बल्कि विकास का एक नया कॉरिडोर है जो दो बड़े राज्यों को आपस में जोड़ेगा.
- कुल लंबाई: यह एक्सप्रेसवे फरीदाबाद के सेक्टर-65 के पास केएमपी एक्सप्रेसवे इंटरचेंज से शुरू होकर नोएडा एयरपोर्ट तक कुल 31.4 किलोमीटर लंबा होगा.
- हरियाणा में हिस्सा: इसका सबसे बड़ा हिस्सा, लगभग 24.1 किलोमीटर, हरियाणा के पलवल और फरीदाबाद जिलों में पड़ेगा.
- यूपी में हिस्सा: वहीं, उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्ध नगर में इसका 7.3 किलोमीटर का हिस्सा होगा.
52% से ज्यादा काम पूरा, किसानों की बल्ले-बल्ले!
अधिकारियों के मुताबिक, इस पूरे प्रोजेक्ट का 52% से भी ज्यादा काम पूरा हो चुका है. हरियाणा की तरफ यमुना नदी पर बनने वाले पुल के पिलर्स और गर्डर रखने का काम भी तेजी से जारी है. इस एक्सप्रेसवे के बनने से न सिर्फ यात्रियों का समय बचेगा, बल्कि इस इलाके के किसानों के लिए भी यह बंपर फायदेमंद साबित होगा, क्योंकि उनकी जमीन की कीमतें आसमान छूने लगेंगी.
कब तक पूरा होगा प्रोजेक्ट?
एक्सप्रेसवे का एक शुरुआती 1.8 किलोमीटर का हिस्सा पहले ही यमुना एक्सप्रेसवे से जोड़ा जा चुका है, जिससे दिल्ली, नोएडा और आगरा की तरफ से आने वाली गाड़ियों को एयरपोर्ट तक सीधी पहुंच मिलेगी.
- दिसंबर 2025 तक, नोएडा एयरपोर्ट से हरियाणा बॉर्डर तक के 10 किलोमीटर के हिस्से को पूरा करने का लक्ष्य है.
- उम्मीद जताई जा रही है कि यह पूरा एक्सप्रेसवे 2026 के अंत तक बनकर तैयार हो जाएगा.
इसके बाद यूपी से हरियाणा का सफर न सिर्फ तेज, बल्कि बेहद आरामदायक और जाम-मुक्त हो जाएगा.