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March 17 2026 10:40 pm

NHAI की लापरवाही पड़ी महंगी खेत हुए तबाह, तो कोर्ट ने दिलाया 1 करोड़ से ज्यादा का मुआवज़ा

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News India Live, Digital Desk : आजकल हम देश के कोने-कोने में चमकती सड़कें और बड़े-बड़े नेशनल हाईवे बनते देख रहे हैं। विकास जरूरी है, इसमें कोई शक नहीं। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि जब ये पहाड़ों और खेतों के बीच से गुजरते हैं, तो वहाँ रहने वाले आम किसान पर क्या बीतती है?

अक्सर हाईवे निर्माण के दौरान खुदाई और मलबे से आसपास के खेत तबाह हो जाते हैं। हिमाचल प्रदेश के एक मामले में भी कुछ ऐसा ही हुआ था। हाईवे निर्माण की वजह से किसानों के खेतों को काफी नुकसान पहुँचा, उनकी मेहनत मलबे के नीचे दब गई। लेकिन अच्छी बात यह है कि अब उन्हें न्याय मिला है।

अदालत का फैसला: किसानों की जीत
हाईकोर्ट ने इस मामले में बड़ा और कड़ा फैसला सुनाया है। अदालत ने साफ शब्दों में कहा है कि विकास के नाम पर आप किसी की आजीविका नहीं छीन सकते। नुकसान हुआ है, तो उसकी भरपाई भी सरकार को ही करनी होगी। कोर्ट ने अधिकारियों को आदेश दिया है कि प्रभावित किसानों को 1.16 करोड़ रुपये का मुआवजा तुरंत दिया जाए।

यह सिर्फ पैसे की बात नहीं है, बल्कि उन किसानों के हक की जीत है जिन्होंने अपनी आंखों के सामने अपनी उपजाऊ जमीन को मलबे के ढेर में तब्दील होते देखा।

विकास और न्याय के बीच संतुलन
हाईकोर्ट का यह आदेश एक मिसाल है। अक्सर लोग सोचते हैं कि सरकारी काम के खिलाफ आवाज कौन उठाएगा? लेकिन इस फैसले ने बताया कि कानून सबके लिए बराबर है। चाहे वो नेशनल हाईवे अथॉरिटी (NHAI) हो या कोई और विभाग, अगर आपकी जमीन या फसल को उनके काम से नुकसान पहुँचता है, तो आप मुआवजे के हकदार हैं।

यह उन हज़ारों किसानों के लिए उम्मीद की किरण है जिनके पास हाईवे के बगल में जमीन तो है, लेकिन डर भी रहता है कि कहीं उनका खेत ही उनका साथ न छोड़ दे। उम्मीद है कि इस भारी-भरकम मुआवजे के बाद भविष्य में हाईवे प्रोजेक्ट्स में ज्यादा सावधानी बरती जाएगी।