Law and Order : इंटरनेट बंद, ड्रोन से निगरानी, यूपी के शहरों में आई लव मोहम्मद विवाद का असर
News India Live, Digital Desk: Law and Order : उत्तर प्रदेश के कई शहर आजकल बेहद संवेदनशील स्थिति से गुजर रहे हैं। 'आई लव मोहम्मद' (I Love Mohammad) विवाद के चलते पूरे राज्य में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है। ख़ासकर शुक्रवार (जुमे की नमाज) को लेकर पुलिस और प्रशासन बेहद सतर्क है, क्योंकि इस तरह के मौकों पर भीड़ के जमा होने से हालात बिगड़ने की आशंका होती है।
किन शहरों में बढ़ाई गई है सुरक्षा?
सबसे पहले बरेली में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई थी, जिसके बाद अब संभल, सहारनपुर, मेरठ और पश्चिमी यूपी के कई अन्य शहरों में भी कड़े इंतज़ाम किए गए हैं। सरकार चाहती है कि शांति व्यवस्था हर हाल में बनी रहे।
क्यों हो रहा है ये विवाद?
यह विवाद 26 सितंबर को शुरू हुआ था, जब बरेली में जुमे की नमाज़ के बाद एक मस्जिद के बाहर लगभग 2,000 लोगों और पुलिस के बीच झड़प हो गई थी। इसमें पथराव की भी खबरें आईं थीं। यह सब तब हुआ जब मौलवी तौकीर खान ने 'आई लव मोहम्मद' पोस्टर विवाद को लेकर एक विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया था, जिसे बाद में रद्द कर दिया गया था।
प्रशासनिक कदम और इंटरनेट बंद
हालात को नियंत्रित करने के लिए, गृह विभाग ने बरेली में 2 अक्टूबर दोपहर 3 बजे से 4 अक्टूबर दोपहर 3 बजे तक इंटरनेट, ब्रॉडबैंड और एसएमएस सेवाओं को बंद कर दिया था। 26 सितंबर की हिंसा के बाद से ही बरेली, शाहजहांपुर, पीलीभीत और बदायूं जैसे ज़िले हाई अलर्ट पर हैं
सुरक्षा के मद्देनज़र, कई इलाकों में प्रांतीय सशस्त्र कांस्टेबुलरी (PAC) और रैपिड एक्शन फ़ोर्स (RAF) के जवानों को तैनात किया गया है। इतना ही नहीं, स्थिति पर पैनी नज़र रखने के लिए ड्रोन कैमरों का भी इस्तेमाल किया जा रहा है, ताकि कोई भी अनचाही घटना होने से पहले ही उस पर रोक लगाई जा सके।
शांति की अपील
इस बीच, बरेली स्थित आला हज़रत दरगाह के सबसे वरिष्ठ मौलवी ने मुसलमानों से अपील की है कि वे जुमे की नमाज़ के बाद शांतिपूर्वक अपने घर लौट जाएँ। प्रशासन भी सभी समुदायों से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की गुजारिश कर रहा है। उम्मीद है कि सभी के सहयोग से इन संवेदनशील समयों में शांति व्यवस्था बनी रहेगी।