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April 18 2026 05:46 am

समंदर में बढ़ी भारत की धमक INS तारागिरी भारतीय नौसेना में शामिल, स्वदेशी स्टील और मेक इन इंडिया की ताकत से कांपेंगे दुश्मन

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News India Live, Digital Desk: भारतीय नौसेना की ताकत में आज एक और सुनहरा अध्याय जुड़ गया है। पूरी तरह से स्वदेशी तकनीक और 'मेक इन इंडिया' के संकल्प के साथ निर्मित INS तारागिरी (INS Taragiri) को औपचारिक रूप से नौसेना के बेड़े में शामिल कर लिया गया है। यह युद्धपोत न केवल भारत की समुद्री सीमाओं की सुरक्षा करेगा, बल्कि आत्मनिर्भर भारत की दिशा में रक्षा क्षेत्र की एक बड़ी कामयाबी भी है। अपनी अत्याधुनिक मारक क्षमता और रडार से बच निकलने की खूबी के कारण इसे समंदर का 'अजेय योद्धा' कहा जा रहा है।

खास 'स्वदेशी स्टील' से बना है यह शिकारी

INS तारागिरी की सबसे बड़ी विशेषता इसमें इस्तेमाल किया गया विशेष प्रकार का 'सेल' (SAIL) स्टील है। इसे भारतीय इस्पात प्राधिकरण द्वारा विशेष रूप से युद्धपोतों के लिए तैयार किया गया है। यह स्टील न केवल जहाज को मजबूती प्रदान करता है, बल्कि गहरे समंदर के दबाव और जंग को झेलने में भी बेजोड़ है। इस स्वदेशी स्टील के उपयोग ने विदेशी निर्भरता को पूरी तरह खत्म कर दिया है, जिससे युद्धपोत निर्माण की लागत में भी कमी आई है।

रडार की नजर से ओझल और घातक हथियारों से लैस

प्रोजेक्ट 17A के तहत निर्मित इस युद्धपोत में उन्नत 'स्टील्थ फीचर्स' (Stealth Features) दिए गए हैं। इसका मतलब है कि यह दुश्मन के रडार की पकड़ में आसानी से नहीं आएगा। हथियारों की बात करें तो INS तारागिरी सतह से सतह पर मार करने वाली मिसाइलों, आधुनिक टॉरपीडो और हवा में सुरक्षा देने वाली गन प्रणालियों से लैस है। यह युद्धपोत लंबी दूरी तक निगरानी करने और दुश्मन की पनडुब्बियों का शिकार करने में माहिर है।

आत्मनिर्भरता का नया प्रतीक: मेक इन इंडिया की जीत

INS तारागिरी का जलावतरण भारत की रक्षा निर्माण क्षमताओं का प्रमाण है। इसे मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स लिमिटेड (MDL) द्वारा निर्मित किया गया है। जहाज का लगभग 75% हिस्सा पूरी तरह स्वदेशी उपकरणों और तकनीक से बना है। यह कदम हिंद महासागर में भारत की पकड़ को और मजबूत करेगा, जिससे पड़ोसी देशों की चुनौतियों का सामना करना और भी आसान हो जाएगा। इस उपलब्धि पर रक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि अब भारत दुनिया के उन चुनिंदा देशों में शामिल है जो खुद के घातक युद्धपोत बनाने में सक्षम हैं।